तहसील क्षेत्र के छिमटा, चोरणा और डोल्टू आदि ग्राम पंचायतों के गांव में आज भी सड़क सुविधा नहीं है। ग्रामीण आज भी आदिबदरी आने में सात किमी की दूरी पैदल तय करने के लिए विवश हैं।
चिमटा के ग्रामीण गोविंद सिंह, बचन सिंह आदि ने बताया कि वर्ष 2018 में छिमटा-चोरणा-डोल्टू मोटर मार्ग निर्माण की स्वीकृति मिली थी। कार्यदायी संस्था पीएमजीएसवाई विभाग ने मार्ग का सर्वे किया लेकिन यहां घने बांज के जंगल होने के कारण वन विभाग ने वन अधिनियम के तहत इस पर रोक लगा दी। ऐसे में छिमटा, बेड़ी तल्ली, डोल्टू, स्वामीखिल्ला, चोरणा तल्ला और मल्ला गांवों की डेढ़ हजार से अधिक की आबादी सड़क सुविधा से वंचित है। कर्णप्रयाग के विधायक सुरेंद्र सिंह नेगी ने बताया कि आदिबदरी-छिमटा-चोरणा-डोल्टू मोटर मार्ग के समरेखण को बदलने के लिए पीएमजीएसवाई और वन विभाग के अधिकारियों को निर्देशित कर दिया गया है।