फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Atal Adarsh Village:चमोली के इस गांव पानी, सड़क न शिक्षा, बीमार को डंडी के सहारे लेकर जाने को मजबूर लोग

Sun, 27 Nov 2022 03:54 PM IST
देहरादून ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चमोली

सार

ग्रामीणों के कई बार के आंदोलन के बाद वर्ष 2019 में शासन से 4.50 किमी द्वींग-तपोण मार्ग के निर्माण की स्वीकृति मिली। लोक निर्माण विभाग की ओर से सड़क निर्माण कार्य भी शुरू किया गया लेकिन एक साल से सड़क निर्माण कार्य मोटर पुल न होने के कारण बंद पड़ा है।
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

जोशीमठ ब्लॉक का अटल आदर्श ग्राम द्वींग को आदर्श नाम तो मिला लेकिन वास्तविकता यह है कि यहां मूलभूत सुविधाएं ही नहीं हैं। गांव में पेयजल, सड़क, स्वास्थ्य और शिक्षा की कमी बनी है। यहां के लिए सड़क निर्माण कार्य चल रहा है लेकिन मोटर पुल पर काम पिछले एक वर्ष से अटका हुआ है।

विज्ञापन


अलकनंदा के किनारे स्थित द्वींग गांव में वर्तमान में लगभग 35 परिवार रहते हैं। ग्रामीणों के कई बार के आंदोलन के बाद वर्ष 2019 में शासन से 4.50 किमी द्वींग-तपोण मार्ग के निर्माण की स्वीकृति मिली। लोक निर्माण विभाग की ओर से सड़क निर्माण कार्य भी शुरू किया गया लेकिन एक साल से सड़क निर्माण कार्य मोटर पुल न होने के कारण बंद पड़ा है।

यहां अलकनंदा पर मोटर पुल का निर्माण होना है। यही नहीं गांव में स्वास्थ्य सुविधा की कोई व्यवस्था नहीं है। गांव में अचानक किसी की तबीयत बिगड़ने पर उसे पांच किमी तक पैदल डंडी के सहारे सड़क तक पहुंचाना पड़ता है, उसके बाद 14 किमी दूर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जोशीमठ ले जाना पड़ता है। गांव में प्राथमिक विद्यालय तो है लेकिन इंटर स्तर की पढ़ाई के लिए गांव के छात्र-छात्राओं को 4 किमी दूर जीआईसी लंगसी जाना पड़ता है।

विज्ञापन
विज्ञापन

पेयजल लाइन भी जगह-जगह टूटी
ग्राम प्रधान भरत सिंह बुटोला, पूर्व प्रधान हयात सिंह, वीरेंद्र सिंह कुंवर, विनोद बुटोला, राहुल सिंह, पवन सिंह, जितेंद्र सिंह बुटोला, विक्रम सिंह, रमेश, मथुरा प्रसाद हटवाल, जगदीश प्रसाद, मोहन सिंह आदि का कहना है कि उनका गांव सिर्फ नाम का ही आदर्श ग्राम है। अभी तक सड़क सुविधा न होने से 5 किमी पैदल चलना पड़ता है। कई बार जिला प्रशासन से लेकर शासन तक गांव में सुविधाएं देने की मांग की है लेकिन इस ओर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है।

गांव में पेयजल की किल्लत भी बनी हुई है। दो दशक पूर्व जल निगम की ओर से किमाणा गांव के समीप के प्राकृतिक जलस्रोत से द्वींग के लिए पेयजल लाइन बिछाई गई थी लेकिन अब यह लाइन जगह-जगह से क्षतिग्रस्त पड़ी है जिससे ग्रामीणों को पेयजल की व्यवस्था करने के लिए भी भटकना पड़ता है।

ये भी पढ़ें...Uttarakhand: प्रदेश के इन शहरों में 29 को आ रहे यात्री दें ध्यान, वाहनों का चक्का जाम, रहेंगे परेशान

अटल आदर्श ग्राम द्वींग में सुविधाएं जुटाई जाएंगी। अटल आदर्श ग्राम चयनित होने के बाद इस गांव में सुविधाएं देने के लिए योजना बनी होगी इसे दिखवाया जाएगा। रिपोर्ट के आधार पर गांव में सुविधाएं मुहैया करा ली जाएंगी। लोनिवि से गांव के लिए निर्माणाधीन सड़क की रिपोर्ट ली जाएगी। - डॉ. ललित नारायण मिश्र, मुख्य विकास अधिकारी, चमोली
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें