फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Chamoli News: एनडीएमए की टीम ने हिमस्खलन क्षेत्र का किया निरीक्षण, बेहतरी के लिए रिपोर्ट होगी तैयार

Tue, 22 Apr 2025 10:49 AM IST
देहरादून ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, गोपेश्वर (चमोली)

सार

राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की टीम ने हिमस्खलन क्षेत्र का निरीक्षण किया। आपदा राहत के कार्यों को बेहतर करने के लिए निरीक्षण किया गया।
विज्ञापन
हिमस्खलन ( फाइल फोटो) - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एनडीएमए) के चार सदस्यीय दल ने माणा गांव के समीप बीते 28 फरवरी को हुए हिमस्खलन क्षेत्र का निरीक्षण किया। टीम ने आईटीबीपी, बीआरओ और स्थानीय प्रशासनिक अधिकारियों से आपदा राहत कार्य और इस दौरान हुई परेशानियों के बारे में जानकारी ली। ताकि रिपोर्ट तैयार कर आपदा की रोकथाम और आपदा राहत के कार्यों को बेहतर किया जा सके।

विज्ञापन


सोमवार को एनडीएमए की टीम सुबह 9 बजे हेलिकॉप्टर से बदरीनाथ धाम पहुंची इसके बाद घटनास्थल का निरीक्षण किया। इस दौरान एनडीएमए के ब्रिगेडियर (सेनि) रविंद्र गुरुंग ने हिमस्खलन के दौरान आपदा, राहत के लिए किए जाने वाले कार्यों में आने वाली परेशानियों की जानकारी ली। उन्होंने हिमस्खलन के दौरान राहत और बचाव अभियान का हिस्सा रहे आईटीबीपी के जवानों से संवाद भी किया। जवानों ने उन्हें बताया कि बर्फबारी के बीच राहत, बचाव कार्य में परेशानियों का सामना करना पड़ा।

सुधारों को लेकर की जाएगी रिपोर्ट तैयार
हेलिपैड से बर्फ हटाकर ज्योतिर्मठ से हेलिकॉप्टर के जरिये घायलों को सेना के अस्पताल में भर्ती कराया था जो बेहद चुनौतीपूर्ण रहा। ब्रिगेडियर (सेनि) रविंद्र गुरुंग ने बताया कि निरीक्षण का मुख्य उद्देश्य घटना का अध्ययन कर हिमस्खलन की घटनाओं के प्रभाव को कम करने और आपदा राहत कार्यों के लिए किए जाने वाले सुधारों को लेकर रिपोर्ट तैयार की जाएगी जिससे भविष्य में ऐसी आपदाओं से निपटने में आसानी हो।
विज्ञापन


इस मौके पर जीडीआरएफ के वैज्ञानिक डॉ. अमरीश सिंह, एफडीआरएफ के वैज्ञानिक डाॅ. ए उपाध्याय, एनडीआरएफ के कमांडेंट सुदेश कुमार, एसडीएम चंद्रशेखर वशिष्ठ, आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदकिशोर जोशी और आईटीबीपी के सीओ पीयूष आदि मौजूद रहे।

ये भी पढ़ें...Uttarakhand: आइस रिंक में बर्फ जमाने यूएसए से पहुंचे विशेषज्ञ, 13 साल से है बंद पड़ा, अब होगा गुलजार

हिमस्खलन में हुई थी आठ की मौत
 देश के प्रथम गांव माणा के समीप 28 फरवरी को हिमस्खलन की घटना में 54 मजदूर कंटेनर में फंस गए थे। सेना और आईटीबीपी के जवानों ने 46 लोगों को बचा लिया था मगर 8 लोग अकाल मौत का शिकार हो गए थे। हिमस्खलन की घटना के बाद ज्योतिर्मठ से माणा गांव तक दो दिनों तक राहत और बचाव कार्य चला था। इसमें सेना के चार हेलिकॉप्टर लगे थे। 

विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें