सीएम के आश्वासन के बाद भी मांगों पर कार्रवाई नहीं होने से हैं नाराज
मुख्यमंत्री को भेजा 11 सूत्री मांगों का ज्ञापन, शीघ्र कार्रवाई की उठाई मांग
संवाद न्यूज एजेंसी
जोशीमठ। मुख्यमंत्री के आश्वासन के चार माह बाद भी मांगों पर कार्रवाई नहीं होने पर जोशीमठ के आपदा प्रभावितों ने तहसील में धरना दिया। उन्होंने तपोवन विष्णुगाड़ जल विद्युत परियोजना और हेलंग मारवाड़ी बाईपास निर्माण पर स्थायी रोक लगाने समेत 11 सूत्री मांगें जल्द पूरा करने की मांग को लेकर सीएम को ज्ञापन भेजा।
जोशीमठ में भू-धंसाव के दौरान जोशीमठ बचाओ संघर्ष समिति के बैनर तले आपदा प्रभावितों ने जनवरी माह से तहसील में धरना शुरू कर दिया था। आठ अप्रैल को मुख्यमंत्री के आश्वासन पर प्रभावितों ने धरना स्थगित कर दिया था लेकिन आश्वासन के चार माह बाद भी मांगों पर कार्रवाई नहीं होने से आपदा प्रभावितों में आक्रोश बढ़ता जा रहा है। इसी क्रम में उन्होंने सोमवार को एक दिवसीय धरना दिया। आपदा प्रभावितों ने पूरे जोशीमठ को आपदा प्रभावित घोषित करने, सभी वर्गों को हुए नुकसान की भरपाई करने, नगर में देश की आठ शीर्ष वैज्ञानिक संस्थाओं के किए सर्वे की रिपोर्ट सार्वजनिक करने, स्थानीय लोगों की सेना को दी गई भूमि का मुआवजा दिलाने (ताकि आपदा में लोगों को आर्थिक सहायता मिल सके) होम स्टे को व्यावसायिक श्रेणी में रखने, पुनर्वास की व्यवस्था होने तक वैकल्पिक व्यवस्था को एक साल तक करने, एनटीपीसी के साथ 2010 में हुए समझौते को लागू करने आदि की मांग की। धरना देने वालों में समिति के संयोजक अतुल सती, कमल रतूड़ी, पूनम देवी, उमा देवी, प्रेमा देवी, जानकी देवी, पार्वती देवी, रश्मि देवी, गीता देव, देवी, विमला देवी, गीता देवी, प्रकाश नेगी, दीपक टम्टा, ममता देवी, पुष्पा देवी, बसंती देवी, संपती देवी, बदरी लाल आदि शामिल रहे।