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चमोली : चार मकान दबे, 15 में घुसा मलबा

Mon, 14 Aug 2023 06:10 PM IST
देहरादून ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चमोली
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पीपलकोटी में पूरी रात रही अफरा तफरी, सुबह दिखा तबाही का मंजर
संवाद न्यूज एजेंसी
पीपलकोटी। नगर पंचायत पीपलकोटी क्षेत्र में रविवार रात को भारी बारिश से उफान पर आए बरसाती गदेरे से अफरा-तफरी का माहौल रहा। दहशत के मारे लोग रातभर सो नहीं पाए। रात को जो तबाही हुई उसका मंजर जब सुबह दिखा तो लोग दंग रह गए। यहां नगर पंचायत कार्यालय में मलबा घुस गया था जबकि वाल्मीकि बस्ती के चार परिवारों के घर मलबे में दब गए। समय से लोगों ने घर छोड़ दिए थे और रात को एक होटल में शरण ली थी। करीब 15 घरों में मलबा घुस गया था।
नगर पंचायत पीपलकोटी के कार्यालय के पास मंगरीगाड गदेरा और सेमलधार गदेरा उफान पर आ गया। इससे नगर पंचायत कार्यालय में पूरा मलबा और पानी भर गया जिससे सारे रिकाॅर्ड, कंप्यूटर कक्ष सहित अन्य सामान क्षतिग्रस्त हो गया। इसी क्षेत्र में वाल्मीकी बस्ती में तीन बाइक, नगर पंचायत का पानी का टैंकर और एक कैंपर वाहन मलबे में दब गया। भवर मंदिर और हाट में शिव मंदिर क्षतिग्रस्त हो गया। मायापुर के छह घरों में मलबा भरा जबकि गडोरा में एक मकान टूट गया। राजा पंत की वेल्डिंग की दुकान में मलबा भर गया और एक मकान का हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया।
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सीआईएसएफ के जवानों ने खाली किए भवन
पीपलकोटी। टीएचडीसी की जल विद्युत परियोजना के टीबीएम साइट में मलबा भर गया है। यहां सीआईएसएफ के आवासीय भवनों के आसपास भी भारी मलबा भरने से सभी जवानों ने भवन खाली कर लिए हैं। हरसारी गांव में नरेंद्र पोखरियाल और तारेंद्र जोशी ने परिवार के साथ खेतों में रात गुजारी। रात को आई आपदा से क्षेत्र के लोगों में दहशत का माहौल बना हुआ है।
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मकानों और गोशालाओं को नुकसान
गोपेश्वर। अतिवृष्टि ने चमोली जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में भारी तबाही मचाई है। चमोली तहसील के अंतर्गत बंड पट्टी के किरूली गांव के जगत सिंह, अब्बल सिंह, रोशन सिंह, ताजबर सिंह के आवासीय भवन और गोशालाओं को नुकसान हुआ है। गडोरा-किरूली सड़क क्षतिग्रस्त होने से किरूली, गडोरा, लुहां, दिगोली, महरगांव का संपर्क कट गया है। वहीं कौंज पोथनी की सरपंच सरिता देवी ने बताया कि गांव के ऊपर से आए मलबे से खेती, पैदल रास्ते, मोटर मार्ग, पेयजल लाइन क्षतिग्रस्त हो गई है। गांव के बीच के रास्ते टूटे हुए हैं जिससे लोग एक जगह पर कैद होकर रह गए हैं। वहीं गाड़ी गांव के गदेरे उफान पर आने से धार, ग्वाड़, नेवा और आगरा तोक को जोड़ने वाला पैदल पुल, सेंजी गांव की पुलिया बह गई है। यहां की पेयजल लाइन भी क्षतिग्रस्त हो गई है। बिरही निजमुला मार्ग जगह-जगह क्षतिग्रस्त है। निजमुला घाटी को जाने वाले रास्ते के वीर गंगा पर बनी दो पुलिया भी बह गई हैं जिससे पूरी घाटी के ग्रामीणों का संपर्क कट गया है। संवाद
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