ऑस्ट्रेलिया के जाने माने क्रिकेट स्टार ब्रेट ली अल्मोड़ा के प्रसिद्ध हथकरघा उद्योग ‘पंचाचूली वीमन वीवर्स’ के ब्रांड एंबेसडर बन गए हैं। ब्रेट ली केदारघाटी के आपदा प्रभावित गांवों की करीब 300 महिलाओं को हथकरघा उद्योग में रोजगार देने के लिए भी पंचाचूली के साथ मिलकर काम करेंगे।
महिलाओं द्वारा उत्पादित माल को ब्रेट ली की मदद से ऑस्ट्रेलिया सहित कुछ उन देशों में बिक्री को भेजा जाएगा जहां ‘ब्रेटली’ की कंपनी का माल बिकता है।
1998 में हुई पंचाचूली वीमन वीवर्स की स्थापना
‘पंचाचूली वीमन वीवर्स’ समाज सेविका मुक्ति दत्ता का है। मुक्ति दत्ता ने 1998 में पंचाचूली वीमन वीवर्स की स्थापना की। 2001 में उन्होंने पातालदेवी में ऊन कातने और ऊन से शाल, स्वेटर, स्कार्फ आदि बनाने का हथकरघा उद्योग लगाया।
अभी इस उद्योग में आसपास के गांवों की करीब 250 महिलाएं कार्य कर रही हैं और उद्योग का वार्षिक टर्न ओवर एक करोड़ से अधिक है। पंचाचूली की निदेशक मुक्ति दत्ता ने अपने प्रयासों से यूरोप के देशों में यहां के बने सामान की मार्केट विकसित की।
उन्होंने बताया कि पंचाचूली में निर्मित पशमीना शुद्ध ऊन का बनता है। इसके लिए तिब्बत, पेरू, न्यूजीलैंड आदि देशों से कच्ची ऊन मंगाई जाती है। इसमें प्राकृतिक रंगों का प्रयोग किया जाता है।
‘पंचाचूली वीमन वीवर्स’ के ब्रांड एंबेसडर
मुक्ति दत्ता ने बताया कि ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेटर ब्रेट ली ‘पंचाचूली वीमन वीवर्स’ के ब्रांड एंबेसडर बन गए हैं। उन्होंने यह भी बताया कि केदारघाटी में आपदा प्रभावित गांवों की 300 महिलाओं को हथकरघा उद्योग से जोड़कर रोजगार दिया जाएगा।
वहां महिलाओं द्वारा उत्पादित सामान को भी ब्रेट ली की मदद से ऑस्ट्रेलिया, इंग्लैंड सहित अन्य देशों में भेजा जाएगा। ब्रेट ली ऑस्ट्रेलिया से कच्चा ऊन उपलब्ध करवाने के लिए राजी हो गए हैं। दिल्ली में बुधवार की शाम ब्रेट ली की मौजूदगी में फैशन शो का भी आयोजन किया गया। जिसमें पंचाचूली के कपड़े भी प्रदर्शित हुए।
कौन हैं ब्रेट ली
ब्रेट ली ऑस्ट्रेलिया के तेज गेंदबाज रहे हैं। दुनिया के तेज गेंदबाजों ब्रेट ली से ऊपर शोएब अख्तर का रिकॉर्ड रहा। ब्रेट ली ने अधिकतम 160 किमी प्रति घंटा की गति से गेंद फेंक कर सबकों चौंका दिया था। वर्ष 2010 में उन्होंने क्रिकेट से संन्यास ले लिया था।