बागेश्वर। क्रिकेट जगत में महेंद्र सिंह धौनी को महान कप्तान और मार्गदर्शक के रूप में देखा जाता है। खिलाड़ियों को परखने की क्षमता और उससे सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करवाने में उन्हें महारत हासिल है। दीपक चाहर, शार्दुल ठाकुर, मथीसा पथीराना हो या फिर तुषार देशपांडे जैसे नए गेंदबाज, इनकी सफलता में कहीं न कहीं धोनी का हाथ शामिल है। लंबे अरसे से सफलता की राह देख रहे जिले के भरसीला निवासी कमलेश नगरकोटी भी अब धोनी की पाठशाला में दाखिल हो गए हैं। भले ही इस बार उन्हें मोटी रकम नहीं मिली हो लेकिन धोनी का साथ मिलने से उनके कॅरिअर को नई ऊंचाई मिलने की पूरी संभावना है।
जिला मुख्यालय से 37 किमी और कांडा से 14 किमी की दूरी पर पिथौरागढ़ जिले की सीमा पर बसे भरसीला गांव के कमलेश नगरकोटी का परिवार राजस्थान में रहता है। अंडर-19 विश्व कप से चमके इस सितारे को वर्ष 2018 में शाहरुख खान की केकेआर ने 3.20 करोड़ की मोटी रकम देकर अपनी टीम में शामिल किया था। हालांकि चोट के कारण उनका कॅरिअर आईपीएल में रफ्तार नहीं पकड़ सका। 2022 में वह 1.10 करोड़ रुपये में दिल्ली कैपिटल टीम में शामिल हुए लेकिन उन्हें अधिक खेलने का मौका यहां भी नहीं मिला। करीब 140 किमी की रफ्तार से गेंद फेंकने वाले कमलेश निचले क्रम के उपयोगी बल्लेबाज और शानदार क्षेत्ररक्षक भी हैं। पिछले दिनों हुए आईपीएल ऑक्शन में उन्हें सीएसके ने बेस प्राइज 30 लाख रुपये में अपने साथ जोड़ा है। उम्मीद है कि जिस तरह से धोनी ने मनप्रीत गोनी, सिमरजीत सिंह, राज्यवर्धन हंगरकेकर जैसे गेंदबाजों को आईपीएल में मौके दिलाए हैं, कमलेश को भी उसी तरह से तराशने का काम करेंगे।