कस्बों के लिए संचालित होने वाली यात्री जीपों में तेज आवाज में म्यूजिक सिस्टम बजने की शिकायत को एसपी ने गंभीरता से लिया है। उन्होंने सभी थानाध्यक्षों और चौकी प्रभारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में चेकिंग अभियान चलाकर ऐसे टैक्सी चालकों के खिलाफ कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।
जिले के अधिकांश आंतरिक मोटर मार्गों की यातायात व्यवस्था पूरी तरह से जीपों पर निर्भर है। जिला एवं तहसील मुख्यालयों से कस्बों या गांवों के लिए संचालित होने वाली जीपों में लगाए गए म्यूजिक सिस्टम में ऊंची आवाज में गाने बजाए जाते हैं। म्यूजिक इतना तेज होता है कि कई यात्रियों को दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। स्वयं चालक को मोड़ों पर सामने से आ रहे वाहन का हॉर्न तक नहीं सुनाई देता है। ऐसे में दुर्घटना का खतरा बना रहता है।
उच्च न्यायालय के अधिवक्ता डीके जोशी द्वारा दो दिन पूर्व इस मामले का एक शिकायत पत्र एसपी को दिया गया था। इस पर संज्ञान लेते हुए एसपी मुकेश कुमार ने सभी थानाध्यक्षों और चौकी प्रभारियों को चेकिंग अभियान चलाकर जीपों और टैक्सियों में लगे म्यूजिक सिस्टम की जांच करने और ध्वनि प्रदूषण फैलाने के साथ ही यात्रियों की जान जोखिम में डालने वाले चालकों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। उन्होंने सभी को एक सप्ताह के भीतर कार्रवाई की रिपोर्ट उपलब्ध कराने को कहा है।