बागनाथ मंदिर के ठीक सामने लगभग एक हजार की आबादी वाला भीलेश्वर वार्ड स्थित है। एक संकरी सी सड़क इस वार्ड से होकर विकास भवन को जाती है। इसी वार्ड में स्वराज भवन, नगरपालिका कार्यालय और ऐतिहासिक नुमाइशखेत मैदान है।
इसके बावजूद सरयू नदी में बने घाटों में कई स्थानों पर कचरा जमा है। घरों का मलबा भी नदी किनारे डाला गया है। मोटर पुल के नीचे भी जगह-जगह बिखरा कूड़ा करकट। घाटों में गंदगी इतनी कि लोग देख लें तो वह डुबकी लगाना तो दूर पानी में हाथ धोने से भी कतरा जाएं।
सरयू को कूड़ा मुक्त करने के अभियान के दूसरे दिन अमर उजाला ने बागेश्वर नगर के भीलेश्वर वार्ड का भ्रमण किया। लोगों को सरयू नदी की सफाई को लेकर अमर उजाला के जागरूकता अभियान की जानकारी देने पर लोगों ने इसकी सराहना की और इसमें भागीदार बनने का संकल्प लिया। इस दौरान वार्ड के लोगों से जब सफाई व्यवस्था के संबंध में पूछा गया तो मौजूदा व्यवस्थाओं से कोई भी संतुष्ट नजर नहीं आया। लोगों ने घरों के पानी के नालों के बजाय मार्गों में बहने, नुमाइश मैदान में कूड़ा फैला होने सहित तमाम समस्याएं बताई।
लोगों ने कई घरों के डाउन पाइपों से गंदा पानी रास्ते में चलने वाले राहगीरों के ऊपर गिरने की समस्या उठाई। हालांकि जिन महिला, पुरुषों के साथ ही स्थानीय व्यवसायियों से धार्मिक महत्व की सरयू नदी की गंदगी के बावत बातचीत की गई तो सभी का यही कहना था कि वह अपने घरों का कूड़ा नगरपालिका द्वारा निर्धारित कूड़ास्थलों में ही डालते हैं। ऐसे में बड़ा सवाल यह उठता है कि जब सभी लोग घरों का कूड़ा कूड़ेदानों में ही डालते हैं तो फिर सरयू नदी में जो कूड़ा और मलबा पड़ा है वह कहां से आया।
वार्ड के सभासद नवीन साह ने कहा कि सरयू को गंदगी से मुक्ति को लेकर शुरू की गई अमर उजाला की बहुत अच्छी पहल है। वार्ड में नगरपालिका को मौजूदा व्यवस्थाएं बढ़ानी होंगी। लोगों को भी जागरूक होने की जरूरत है। गलियों और सार्वजनिक स्थलों की सफाई के बाद लोग गलियों में कूड़ा न डालें तो सफाई की व्यवस्था काफी हद तक सुधर सकती है।
भीलेश्वर वार्ड निवासी छात्रा साक्षी रावत ने कहा कि उनके मुहल्ले में रोज सफाई नहीं होती है। पालिका यदि सभी जगहों पर कूड़ादानों की व्यवस्था करे और बाजार की नियमित सफाई हो तो कूड़ा करकट सरयू नदी में नहीं जाएगा और घाट व संगम स्थल साफ रहेंगे।
जया जोशी ने बताया कि वह अपने घर का कूड़ा नगरपालिका के कूड़ेदानों में ही डालती हैं। नगरपालिका मोहल्लों में अधिक कूड़ेदान लगाए और उनके नियमित सफाई का प्रबंध करे। ऐसा नहीं होने पर कूड़ेदानों से सफाई के बजाय गंदगी अधिक फैलती है और लोग कूड़ेदान हटाने की मांग करने लगते हैं।
भीलेश्वर वार्ड की पूर्व सभासद गंगा देवी ने बताया कि अमर उजाला की यह अच्छी पहल है। लोगों की जागरूकता से ही कूड़े की समस्या से निजात मिल सकती है। सरयू नदी हमारी आस्था का केंद्र है। सभी महिला पुरुषों को चाहिए कि स्वयं जागरूक होने के साथ ही औरों को भी जागरूक करें।
दुकान चलाने वाले ललित तिवारी ने बताया कि उनका प्रयास रहता है कि दुकान का कूड़ा कूड़ेदान में ही रहे। कूड़े के लिए नगरपालिका की ओर से सभी दुकानदारों को डस्टबिन दिए गए हैं। सरयू नदी की स्वच्छता का ध्यान सभी को रखना चाहिए।
मदन सिंह वाणी ने कहा कि हमारा वार्ड, शहर और सरयू नदी कूड़ा मुक्त हो इसके लिए सभी लोगों को पहल करनी चाहिए। इसकी शुरुआत लोगों को स्वयं से करनी होगी। खाद्य पदार्थों के रेपर भी लोगों को सड़कों में फेंकने के बजाय डस्टबिन में ही डालना चाहिए।