बागेश्वर में घरों से निकलती गंदगी सरयू नदी में प्रवाहित होती।
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आस्था की प्रतीक सरयू नदी घरों का सीवर ढोते ढोते मैली हो गई है। नदी में सीवर डालने वालों पर नगर पालिका भी कार्रवाई नहीं कर रही है। इधर नगर पालिका व जिला प्रशासन ने लोगों को चेतावनी दी है कि वह घरों का सीवर नदी में न डालें अन्यथा उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
शहर के कई घरों में सीवर के लिए गड्ढे नहीं बने हैं और सीवर नालियों के जरिए सीधे सरयू नदी में बह रहा है। लोगों की आस्था की प्रतीक सरयू नदी को दूषित करने वालों के खिलाफ नगर पालिका भी कार्रवाई नहीं कर रही है। एक अनुमान के मुताबिक चार सौ से अधिक परिवार हैं जिनका सीवर सीधे नदी में जा रहा है।
पालिका की गंदगी भी नदी में
शहर के विभिन्न स्थानों पर बने पेशाबघरों की गंदगी भी सरयू नदी में जा रही है। नगर पालिका के ऊपर सफाई का जिम्मा है। लेकिन उसके पेशाबघरों की गंदगी भी नदियों में जा रही है। नुमाइश मार्ग, बस स्टेशन, दुग बाजार सहित अन्य स्थानों पर बने पेशाबघरों की गंदगी नदियों में जा रही है।
= कोट
नगर में अब बायो पिट बनाने की तैयारी की जा रही है। इससे नदियों को साफ रखने में मदद मिलेगी। साथ ही जिन घरों का सीवर नदियों में जा रहा है उन्हें चिह्नित कर उन पर कार्रवाई की जा रही है। - सुरेश खेतवाल, पालिकाध्यक्ष