बागेश्वर के चचई गांव में विधायक बलवंत सिंह भौर्याल का पुतला फुंकते लोग। संवाद न्यूज एजेंसी
- फोटो : BAGESHWAR
बागेश्वर/कपकोट। कपकोट के चचई गांव में गलघोंटू रोग से लगातार हो रही मौतों से ग्रामीणों में सरकार और जनप्रतिनिधियों के खिलाफ रोष पैदा हो गया है। सोमवार को चचई गांव में लोगों ने मुख्यमंत्री और विधायक बलवंत भौर्याल का पुतला फूंककर विरोध जताया।
ग्रामीणों का कहना था कि जुलाई के बाद गांव में छह बच्चों समेत सात लोगों की मौत हो गई है लेकिन सरकार और स्वास्थ्य महकमा मामले को गंभीरता से नहीं ले रहा है। स्थानीय विधायक भी प्रकरण को गंभीरता से नहीं ले रहे हैं। कहा कि सरकार और स्वास्थ्य विभाग गलघोंटू रोग में कारगर एंटी टॉक्सिन इंजेक्शन तक की व्यवस्था नहीं कर पाए हैं। गांव के 14 बच्चों के सैंपल काफी समय पहले ले लिए गए थे, आज तक सैंपलों की रिपोर्ट नहीं आई है। सात मौतों के बाद स्वास्थ्य विभाग ने गांव में शिविर लगाकर लोगों की जांच की है। क्षेत्र पंचायत सदस्य जीवन सिंह, कुंदन सिंह, दीवान सिंह, हरीश जोशी, नंदन सिंह, रणजीत राम, गोपाल राम, केदार राम, श्याम राम, दीवान राम ने कहा कि सरकार और कितनी मौतों का इंतजार कर रही है। कहा कि रोग के इलाज के पुख्ता इंतजाम करने के साथ ही मृतकों को सरकार की ओर से पर्याप्त मुआवजा दिया जाना चाहिए।