बागेश्वर। बागेश्वर में डेंगू के मरीज मिलने लगे हैं, लेकिन डेंगू से बचाव के प्रति पालिका संवेदनशील नहीं दिखाई दे रही है। निकास नालियां गंदगी से पटी हुई हैं। जल का ठहराव हो रहा है। सड़कों का जिम्मा संभालने वाले विभाग भी उदासीन बने हुए हैं।
नगरीय क्षेत्र में ही तमाम जगह डेंगू के पूरे इंतजाम हैं, यानि कि हर जगह जलभराव की समस्या है। निकास नालियां तक साफ नहीं हैं। डेंगू ठहरे हुए साफ पानी में पैदा होता है। निकासी की समुचित व्यवस्था न होने से इसकी चिंता न पालिका को है, न अन्य जिम्मेदार महकमों को। मगर पालिका के अधिकारी लगातार फॉगिंग करने की बात कह रहे हैं, लेकिन नगर में नियमित रूप से फॉगिंग भी नहीं हो रही है।
एनएच हो या लोनिवि की मंडलसेरा सड़क, स्टेशन रोड हर जगह जल भराव की समस्या है। एनएच में निकास नालियां गंदगी से पटी पड़ी हैं। निकास नालियों से बारिश के पानी की निकासी सही ढंग से नहीं हो पा रही है।
इधर, नगरपालिका के ईओ हयात सिंह परिहार का कहना है कि नगर के वार्डों में बारी-बारी से फॉगिंग की जा रही है। रविवार को अत्यधिक बारिश के कारण फॉगिंग नहीं की सकी। नगर में जलभराव और निकास नालियों में कूड़ा पटा होने के संबंध मे ईओ का कहना है कि हाल में जिलाधिकारी ने जलभराव की समस्या का समाधान करने के निर्देश लोनिवि और सिंचाई विभाग के अधिकारियों को दिए हैं। निकास नालियोें में पटी गंदगी को हटवाया जाएगा।
एक मरीज डिस्चार्ज
बागेश्वर। जिला अस्पताल में भर्ती डेंगू के दो मरीजों में से एक मरीज डिस्चार्ज हो गया है। एक मरीज अब भी अस्पताल में भर्ती है। संवाद
डेंगू से बचाव के लिए नगरीय क्षेत्र में नियमित फाॅगिंग करने के लिए नगर निकायों के अधिकारियों को निर्देशित किया जा रहा है। ग्रामीण क्षेत्र में भी डेंगू से निपटने के पुख्ता इंतजाम कराए जाएंगे। - अनुराधा पाल, डीएम बागेश्वर।