बागेश्वर। जिला अस्पताल में लंबे समय से ईएनटी विशेषज्ञ का पद रिक्त है। चिकित्सकों कमी से मरीजों को इलाज के लिए घंटों इंतजार करना पड़ रहा है। जिला अस्पताल में रोजाना 500 से अधिक मरीज पहुंच रहे हैं। ईएनटी चिकित्सक नहीं होने से नाक, कान और गले में परेशानी वाले मरीजों को अस्पताल से बैरंग वापस लौटना पड़ रहा है।
करीब तीन लाख आबादी की स्वास्थ्य देखभाल की जिम्मेदारी संभालने वाले जिला अस्पताल में विशेषज्ञ चिकित्सकों की कमी है। अस्पताल में जिले के लोगों के साथ पिथौरागढ़, चमोली और अल्मोड़ा की सीमाओं में रहने वाले लोगों का भी दबाव रहता है। इन जिलों के सीमांत क्षेत्र में रहने वाले लोग अस्पताल की सेवाएं लेते हैं।
अस्पताल में ईएनटी चिकित्सक नहीं होने से उनके कक्ष के बाहर ताला लटका रहा। नाक, कान और गले के मरीजों को अस्पताल पहुंचकर बैरंग वापस लौटना पड़ रहा है। गंभीर समस्याओं में मरीजों को हायर सेंटर भेजा जा रहा है। बारिश के मौसम में अक्सर नाक, कान और गले की समस्या लेकर अधिक संख्या में मरीज जिला अस्पताल पहुंच रहे हैं।
कोट
जिला अस्पताल में तैनात ईएनटी विशेषज्ञ का अनुबंध समाप्त होने के बाद समस्या है। चिकित्सक की नियुक्ति के लिए शासन को पत्र भेजा है। नई नियुक्ति नहीं होने तक पूर्व में तैनात ईएनटी सर्जन का अनुबंधन बढ़ाने के लिए भी पत्र भेजा है। जल्द चिकित्सक की तैनाती की जाएगी। - डॉ. कुमार आदित्य तिवारी, सीएमओ बागेश्वर