एनएसयूआई की जिला इकाई ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर वादाखिलाफी का आरोप लगाया। उन्होंने बैंक शाखाओं के सामने जनधन योजना के तहत खुले बचत खातों की पासबुक दिखाकर प्रदर्शन किया।
कार्यकर्ताओं ने विभिन्न बैंकों में जाकर अपने बचत खातों में इंट्री कराई। मोदी के वादे के तहत खाताधारकों के खातों में अतिरिक्त राशि न आने पर कार्यकर्ताओं ने मोदी को देश का सबसे कमजोर पीएम बताया।
एनएसयूआई के जिलाध्यक्ष रंजीत रावत के नेतृत्व में कार्यकर्ता शुक्रवार की सुबह अपने बैंक खाते की पासबुक को लेकर एसबीआई, उत्तराखंड ग्रामीण बैंक, जिला सहकारी बैंक, अर्बन बैंक, पीएनबी आदि बैंक पहुंचे।
उन्होंने बैंकों में अपने खातों में इंट्री कराई। अर्बन बैंक के सामने सभा को संबोधित करते हुए एनएसयूआई के जिलाध्यक्ष रावत ने कहा कि पीएम मोदी ने लोकसभा चुनाव के दौरान देश की जनता से वादा किया था कि प्रधानमंत्री बनने के बाद कालाधन स्वदेश लाएंगे।
इससे हर बैंक खाते में 15 लाख रुपए तक आएगा। अब मोदी को पीएम बने एक साल हो गया है लेकिन किसी भी खाताधारक के खाते में सरकार ने अतिरिक्त राशि नहीं भेजी। इसके विपरीत देश की जनता को महंगाई, पेट्रोल, डीजल, रसोई गैस की किल्लत का सामना करना पड़ रहा है।
जिसे वक्ताओं ने धोखाधड़ी बताया। इनमें संजय कुमार, लक्की वर्मा, अशोक मेहरा, मनोज कुमार, कृष्णा भयेड़ा, डीएल आर्या, भाष्करपुरी गोस्वामी युवराज सिंह, दिनेश बिष्ट, सुनील रावत आदि थे।