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स्टेडियम के लिए तरस रहा क्रिकेटर मनीष पांडे, कमलेश नगरकोटी का गृह क्षेत्र,,

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बागेश्वर में स्टेडियम न होने से डिग्री कॉलेज मैदान में अभ्यास करते खिलाड़ी। संवाद न्यूज एजेंसी - फोटो : BAGESHWAR
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बागेश्वर। भारतीय क्रिकेटर मनीष पांडे और अंडर 19 विश्वकप 2018 की विजेता टीम का हिस्सा रहे कमलेश नगरकोटी का गृह क्षेत्र एक अदद खेल स्टेडियम के लिए तरस रहा है। खेल स्टेडियम न होने से खिलाड़ियों को बेहतर सुविधा नहीं मिल पा रही है। सवा दो साल पहले मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने बागेश्वर में स्टेडियम बनाने की घोषणा की थी। स्टेडियम निर्माण के लिए भेजे गए वन भूमि के प्रस्ताव को केंद्रीय वन एवं जलवायु मंत्रालय ने निरस्त कर दिया है।
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खेलों में बागेश्वर जिले का अहम योगदान रहा है। बागेश्वर के रोहित दानू राष्ट्रीय फुटबाल टीम से खेलते हैं। महेंद्र परिहार ने वर्ष 2017 के कॉमनवेल्थ गेम्स में ताइक्वांडो में स्वर्ण पदक तो गजेंद्र परिहार ने कांस्य पदक जीता था। जिले के 13 खिलाड़ियों ने अंतराष्ट्रीय स्तर पर पदक जीतकर देश का नाम रोशन किया है। 181 खिलाड़ियों ने राष्ट्रीय स्तर पर पदक जीतकर बागेश्वर और प्रदेश का नाम रोशन किया है।
जिले को बने हुए 23 साल बीत गए हैं लेकिन जिला मुख्यालय में स्टेडियम का सपना पूरा नहीं हो पाया है। मुख्यमंत्री ने 18 नवंबर 2017 को बागेश्वर में खेल स्टेडियम का निर्माण कराने की घोषणा की। खोली नामक स्थान में 3.991 हेक्टेयर भूमि का चयन किया। जिसमें 3.509 हेक्टेयर वन भूमि थी। 21 जुलाई 2018 को वन भूमि का प्रस्ताव अपर प्रमुख वन संरक्षक नोडल को ऑनलाइन भेजा गया। भारत सरकार के वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय ने पांच अगस्त 2019 को यह प्रस्ताव निरस्त कर दिया।
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डिग्री कॉलेज मैदान में होती हैं खेल गतिविधियां
बागेश्वर। स्टेडियम के अभाव में खेल विभाग की सारी खेल गतिविधियां डिग्री कॉलेज के खेल मैदान में होती हैं। जिला क्रीड़ाधिकारी वीएस वल्दिया बताते हैं कि इसके लिए महाविद्यालय प्रशासन से अनुमति लेनी पड़ती है। संवाद
डीएम लगातार कर रहीं रिमाइंडर
बागेश्वर। डीएम रंजना राजगुरु स्टेडियम निर्माण के लिए लगातार प्रयासरत हैं। भूमि का प्रस्ताव निरस्त होने के बाद डीएम ने 21 जून 2019 को अपर प्रमुख वन संरक्षक को पत्र भेजकर भूमि का प्रस्ताव निरस्त करने कारण बताने को कहा था। डीएम ने 22 जुलाई 2019 को खेल सचिव को पत्र भेजकर स्टेडियम निर्माण के मामले में फिर से विचार करने का अनुरोध किया। 29 जनवरी को उन्होंने फिर प्रमुख सचिव खेल को एक बार फिर पत्र भेजा है। संवाद
कोट
बागेश्वर के खेल स्टेडियम के निर्माण का मामला नियम 53 के तहत विधानसभा में उठाया था। सरकार ने स्टेडियम के लिए फिर से प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए हैं। जमीन का क्षेत्रफल कम कर प्रस्ताव तैयार कराया जाएगा।
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चंदन राम दास विधायक बागेश्वर
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