कारगिल युद्ध के उप नियंत्रक रह चुके अवकाश प्राप्त ले. जनरल मोहन चंद्र भंडारी ने कहा है कि वन रैंक वन पेंशन की मांग को लेकर पूर्व सैनिक कारगिल विजय दिवस पर 26 को द्वाराहाट में रैली निकालेंगे।
पूर्व सैनिक शहीदों को याद करेंगे, लेकिन सरकारी कार्यक्रमों में भाग नहीं लेंगे। रैली के लिए पूर्व सैनिकों को एकजुट करने के मकसद से भंडारी ने कौसानी, सोमेश्वर क्षेत्र का भ्रमण किया।
उन्होंने कहा कि वन रैंक वन पेंशन की मांग काफी पुरानी है। देश में 22 लाख पूर्व सैनिकों और दस लाख विधवाओं को इसका लाभ देने के लिए सरकार को मात्र आठ हजार पांच सौ करोड़ रुपयों की आवश्यकता है, लेकिन बड़े पदों पर बैठे नौकरशाह इसमें रुकावट डालते रहे हैं।
29 दिनों से जंतर-मंतर पर पूर्व सैनिक आंदोलन कर रहे हैं, लेकिन सरकार उनकी नहीं सुन रही है। उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने भी छह माह के भीतर यह सुविधा देने के आदेश सरकार को दिए हैं। अभी तक राजनीतिक दलों के प्रभाव के कारण पूर्व सैनिक कई संगठनों में बंटे थे, अब संयुक्त मोर्चा बन रहा है।
कारगिल दिवस पर 26 जुलाई को अल्मोड़ा और बागेश्वर जिले के पूर्व सैनिक द्वाराहाट में रैली करेंगे। इसके लिए व्यापक तैयारियां चल रही हैं। सरकार के सभी कार्यक्रमों का पूर्व सैनिक बहिष्कार करेंगे।