बागेश्वर। बाजार में मानसून के समय लगाए जाने वाली सब्जियों के पौधाें की मांग बढ़ने लग गई है। किसान जगह-जगह स्टॉल लगाकर सब्जियों के बीज और पौधे बेच रहे हैं। लोगों में पौधों और बीजों की अच्छी मांग से किसानों की आमदनी में सुधार हो रहा है।
मौसम बदलते ही स्थानीय बाजारों और नर्सरियों में हरियाली छा गई है। गर्मियों की फसलों के लिए मौसमी पौधों का आगमन शुरू हो चुका है, जिससे बागवानी के शौकीनों में भारी उत्साह देखा जा रहा है। इस बार बाजार में सबसे ज्यादा मांग शिमला मिर्च और टमाटर के पौधों की है। विक्रेताओं ने बताया कि उनके पास सभी प्रकार के मौसमी पौधे हैं। शिमला मिर्च, हरी मिर्च, टमाटर और बैंगन के पौधे 10 से 20 रुपये गड्डी बेच रहे हैं। पौधों के अलावा उगल, पहाड़ी मक्का, चौलाई, लौकी, ककड़ी, कद्दू, तुरई, धनिया और खीरे के बीज 10 से 20 रुपये पैकेट बेचे जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि सीजन के समय कुछ बीज अपने घरों में तैयार करते हैं और कुछ हाईब्रिड बीज लेकर उनके पैकेट बनाकर बेचते हैं।
कोट
सब्जियों के सीजन में पौधे और बीज बेचने का काम करते हैं, इस सीजन में 600 से 700 का हाइब्रिड बीज लिया था। उनके छोटे-बड़े पैकेट बनाकर बेचते हैं। प्रतिदिन 500 से 700 रुपये की आमदनी हो जाती है।
शेर बहादुर, भागीरथी
घर पर पौधे तैयार करते हैं और बाजार में बेचते हैं। हमारे पास पहाड़ी और हाइब्रिड दोनों प्रकार के सब्जियों के बीज उपलब्ध रहते हैं। टमाटर और शिमला मिर्च के पौधों की मांग अधिक आती है। सीजन में रोजगार ठीक चलता है।
चंदन सिंह, मालता