कपकोट से बागेश्वर तक सरयू किनारे ऐसे हो रहा अवैध खनन।
- फोटो : BAGESHWAR
कपकोट/बागेश्वर। कपकोट तहसील प्रशासन के नाक के नीचे सरयू नदी किनारे धड़ल्ले से अवैध खनन हो रहा है। खनन करने वालों को प्रशासन का खौफ नहीं रह गया है। अवैध खनन से नदी का सीना छलनी हो गया है। लगातार खनन से नदी किनारे बड़े-बड़े गड्ढे बन गए हैं।
सरयू नदी में रीठाबगड़, चीराबगड़, डोडिला, मराठी बाजार, हनुमान मंदिर, बुद्धेश्वर, शिवालय, केदारेश्वर मैदान, तहसील कार्यालय के पास नदी किनारे काफी लंबे समय से अवैध खनन हो रहा है। बिना किसी खौफ के सुबह तड़के से शुरू होने वाला खनन देर शाम तक चलता रहता है। अवैध खनन कर निकाली गई रेता आसपास के इलाकों में बेची जाती है। लगातार खनन होने से नदी किनारे कई स्थानों पर बड़े-बड़े गड्ढे बन गए हैं। नदी में दूर-दूर तक अवैध खनन के निशान देखे जा सकते हैं।
बताया कि नदी में खनन करने वालों को नेताओं की भी शह मिली है। लोगों के अनुसार कई बार खनन करने वालों में आपस में हिस्सेदारी को लेकर झड़प हो जाती है। उन्होंने खनन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
-
अवैध खनन का मामला संज्ञान में आया है। राजस्व विभाग और वन विभाग की संयुक्त टीम जल्द निरीक्षण करेगी। अवैध खनन करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। खनन करते हुए पकड़े जाने पर उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। - शशि देव, वन क्षेत्राधिकारी ग्लेशियर कपकोट।