बागेश्वर में बर्फ की तरह सड़क पर बिछे ओले।
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तेज अंधड़ चलने के बाद सोमवार को जिले भर में झमाझम बारिश हुई। सामा क्षेत्र में भारी ओलावृष्टि होने से फलों और सब्जियों को काफी नुकसान हुआ है। सड़क पर गिरे ओले बर्फ की चादर जैसे नजर आए। बारिश से जिले के तमाम जंगलों में लगी आग बुझ गई है। ओलावृष्टि और बारिश के बाद तापमान गिरने से घाटी वाले क्षेत्रों में गर्मी से काफी राहत मिली है।
सोमवार को सुबह से ही वातावरण में धुंध छा गई थी। घाटी वाले क्षेत्रों में दिन भर उमस रही। दोपहर तीन बजे आसमान में बादल छाते ही तेज हवाएं चलनी शुरू हुई। इसके कुछ ही समय बाद जिला मुख्यालय में झमाझम बारिश हुई। बारिश के साथ हल्की ओलावृष्टि भी हुई। कपकोट तहसील के सामा क्षेत्र में खराब मौसम के दौरान भारी ओले गिरे। ओलों से सब्जियों और फलों को काफी नुकसान हुआ है। सामा क्षेत्र में सब्जियों का अच्छा उत्पादन होता है। यहां के कई लोग आजीविका के लिए सब्जी उत्पादन पर निर्भर रहते हैं। ओलावृष्टि से सब्जी उत्पादकों को बड़ा नुकसान झेलना पड़ा है।
घाटी वाले क्षेत्रों में अंधड़ से आम व लीची और ऊंचाई वाले क्षेत्रों में अखरोट, पुलम, खुबानी आदि फलों को नुकसान पहुंचा है। फल, सब्जी उत्पादकों ने प्रशासन से क्षति का आंकलन कर मुआवजा देने की मांग की है। इधर बारिश से वन विभाग को भी बड़ी राहत मिली है। बारिश से जंगलों में लगी आग बुझ गई है। सोमवार को हुई बारिश से धुंध में भी कमी आने के आसार हैं। बारिश के बाद तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। बागेश्वर सहित जिले के अन्य घाटी वाले क्षेत्रों में गर्मी से लोगों को राहत महसूस हुई है।