बागेश्वर। जिला अस्पताल में जनवरी माह से गर्भवतियों को स्त्री रोग विशेषज्ञ की सेवाओं का लाभ नहीं मिल पा रहा है। जटिल बीमारी के इलाज और सिजेरियन डिलीवरी की जरूरत पड़ने पर महिलाओं को हायर सेंटर रेफर किया जा रहा है। पिछले ढाई महीने में लिकिंग, अधिक रक्तस्राव जैसी कई समस्याओं के कारण जिले की 16 महिलाओं को सिजेरियन डिलीवरी के लिए रेफर करना पड़ा है।
जिला अस्पताल की स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. रीमा उपाध्याय जनवरी माह से अवकाश पर हैं। इससे अस्पताल में सिजेरियन डिलीवरी की सेवा ठप है। अस्पताल से मिली जानकारी के अनुसार जनवरी में सात गर्भवतियों और एक प्रसूता, फरवरी में सात गर्भवतियों को हायर सेंटर रेफर करना पड़ा था। मार्च माह में अब तक हरसीला और जारती निवासी गर्भवतियों का पहला गर्भ होने के साथ सामान्य प्रसव में समस्या होने के कारण दोनों को सिजेरियन डिलीवरी के लिए हायर सेंटर रेफर किया गया है। महिला चिकित्साधिकारी डॉ. गायत्री पांगती अकेले ही ओपीडी और प्रसव कराने की जिम्मेदारी निभा रहीं हैं। जनवरी में 135, फरवरी में 118 और मार्च में अब तक 70 गर्भवतियों की सामान्य डिलीवरी कराई गई है।
सीएमएस डाॅ. एसपी त्रिपाठी ने बताया कि महिला चिकित्साधिकारी गर्भवतियों की सामान्य डिलीवरी करा रहीं हैं। महिला रोग विशेषज्ञ के अवकाश से लौटने पर ही अस्पताल में सिजेरियन डिलीवरी की सेवा शुरू हो सकेगी।