बागेश्वर। जिले की स्वास्थ्य व्यवस्थाएं एक बार फिर गड़बड़ाने के आसार बन रहे हैं। जिले के एकमात्र फिजिशियन के इस्तीफे के बाद भी स्वास्थ्य महकमा गंभीर होता नहीं दिख रहा है। नोटिस काल पर चल रहे फिजिशियन डॉ. सीएमएस भैसोड़ा ने बीते एक अप्रैल को ही कार्यमुक्त होने की तैयारी कर ली थी लेकिन प्रशासन के आग्रह पर उन्होंने एक महीने का समय बढ़ाया था। अब 26 दिन बीतने के बाद भी विभाग अस्पताल के लिए नए फिजिशियन की व्यवस्था नहीं कर पाया है।
हैरानी की बात यह है कि महकमे ने कागजी खानापूर्ति करते हुए 15 अप्रैल को पीएचसी कालाखेत बेतालघाट में तैनात फिजिशियन डॉ. गौरव कैड़ा का तबादला जिला अस्पताल के लिए किया था लेकिन स्थानांतरण के 11 दिन बाद भी डॉक्टर ने जिले में ज्वॉइन नहीं किया है। बीते दिनों जिले के प्रभारी मंत्री राम सिंह कैड़ा ने भी आश्वासन दिया था कि जल्द ही चिकित्सक को नैनीताल जिले से कार्यमुक्त कराकर बागेश्वर भेजा जाएगा मगर धरातल पर अब तक कुछ नहीं बदला है। डॉ. भैसोड़ा के आग्रह पर बढ़ाया गया एक महीने का समय अब खत्म होने को है। उनके जाते ही पूरा जिला फिजिशियन विहीन हो जाएगा। हृदय रोग, सांस की बीमारी और अन्य गंभीर रोगों से जूझ रहे मरीजों को फिर से अल्मोड़ा और हल्द्वानी की दौड़ लगानी पड़ेगी। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते नए चिकित्सक ने कार्यभार नहीं संभाला तो जिला अस्पताल में स्वास्थ्य सेवाएं पूरी तरह चरमरा सकती हैं।
जिले में फिजिशियन की कमी और नवनियुक्त चिकित्सक के पदभार ग्रहण न करने के संबंध में महानिदेशालय को पत्र भेजा जाएगा। फिलहाल जिला अस्पताल में तैनात फिजिशियन डॉ. भैसोड़ा से भी जिला अस्पताल में सेवा देने का आग्रह किया जा रहा है। -डॉ. अनुपमा ह्यांकी, एसीएमओ बागेश्वर