गरुड़ (बागेश्वर)। तहसील मुख्यालय के समीपवर्ती मटेना गांव में बुधवार दोपहर से गुल हुई बिजली बृहस्पतिवार दोपहर बाद ही सुचारु हो पाई। भीषण गर्मी के बीच करीब 24 घंटे तक अंधेरे में रहने के कारण ग्रामीणों का ऊर्जा निगम के खिलाफ आक्रोश फूट पड़ा है। ग्रामीणों ने विभागीय अधिकारियों पर लापरवाही और फोन स्विच ऑफ करने का आरोप लगाते हुए कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
सामाजिक कार्यकर्ता दिनेश चंद्र ने बताया कि बुधवार दोपहर बिजली कटने के बाद जब डंगोली सब स्टेशन फोन किया गया तो नंबर स्विच ऑफ मिला। ऊर्जा निगम के जेई राजेंद्र सिंह बोरा ने जल्द आपूर्ति बहाल करने का आश्वासन दिया, लेकिन पूरी रात गांव अंधेरे में रहा। जब ग्रामीणों ने एसडीएम और तहसीलदार को मामले से अवगत कराया, तब जाकर विभाग हरकत में आया। एसडीओ आनंद खोलिया ने बताया कि मटेना गांव में आपूर्ति बाधित होने की सूचना देर रात आठ बजे मिली थी। टीम ने मौके पर पहुंचकर कुछ क्षेत्रों में आपूर्ति बहाल कर दी थी, लेकिन रात के समय टूटे तारों को ठीक करना संभव नहीं था। बृहस्पतिवार सुबह कार्य पूरा कर विद्युत आपूर्ति सुचारु कर दी गई है। संवाद