बागेश्वर। कपकोट और कांडा आईटीआई में अनुदेशकों की कमी से युवाओं में तकनीकी शिक्षा के प्रति अरुचि पैदा हो रही है। दोनों संस्थानों में पहले चरण की प्रवेश प्रक्रिया संपन्न होने के बाद भी महज 13 अभ्यर्थियों ने प्रवेश लिया। 123 रिक्त सीटों के लिए संस्थान ने दूसरे चरण की प्रवेश प्रक्रिया शुरू की है।
जिले की नोडल आईटीआई कांडा में संचालित चार ट्रेडों में से एक भी ट्रेड में तकनीकी शिक्षा देने के लिए अनुदेशक नहीं हैं। अनुदेशकों की कमी के चलते वहां प्रवेश ले चुके युवाओं को तकनीकी का ज्ञान नहीं मिल पाता है। इसके चलते संस्थान में प्रवेश लेने वाले युवाओं की संख्या में कमी आ रही है।
आईटीआई कांडा में इलेक्ट्रीशियन ट्रेड में 20, इलेक्ट्रॉनिक्स मैकेनिक और स्टेनोग्राफर हिंदी ट्रेड में 24-24 सीटों पर संस्थान की ओर से पहले चरण की प्रवेश प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। पहले चरण की प्रवेश प्रक्रिया में महज सात युवाओं ने प्रवेश लिया। इसमें से सबसे अधिक इलेक्ट्रॉनिक्स मैकेनिक ट्रेड में 24 में से महज चार अभ्यर्थियों ने प्रवेश लिया।
इलेक्ट्रीशियन ट्रेड में 20 में से महज तीन अभ्यर्थियों ने प्रवेश लिया। स्टेनोग्राफर हिंदी ट्रेड के 24 रिक्त सीटों में एक भी प्रवेश नहीं हुआ। कपकोट आईटीआई में इलेक्ट्रीशियन ट्रेड पर 20 में से छह अभ्यर्थियों ने प्रवेश लिया है। कंप्यूटर ऑपरेटर ट्रेड पर 48 सीटों में से सभी पद रिक्त हैं। रिक्त पदों को भरने के लिए अब दोनों संस्थानों में दूसरे चरण की प्रवेश प्रक्रिया शुरू हो गई है।