बागेश्वर। जिला पंचायत अध्यक्ष और आंदोलनरत सदस्यों की तनातनी अब पुलिस तक पहुंच गई है। जिपं उपाध्यक्ष नवीन परिहार और आठ सदस्यों ने एसपी को शिकायतीपत्र देकर पंचायतीराज अधिनियम की पुस्तक में छेड़छाड़ का आरोप लगाया है। उन्होंने जिपं अध्यक्ष और प्रभारी एएमए (अपर मुख्य अधिकारी) के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है।
जिपं उपाध्यक्ष नवीन परिहार, जिपं सदस्य हरीश ऐठानी, सुरेंद्र खेतवाल, वंदना ऐठानी, गोपा धपोला, इंदिरा परिहार, पूजा आर्या, रूपा कोरंगा और रेखा देवी ने शुक्रवार को एसपी को पत्र सौंपा। उन्होंने कहा कि 30 जून को जिपं अध्यक्ष बसंती देव ने एसडीएम योगेंद्र सिंह, तहसीलदार नवाजिश खलीक, नायब तहसीलदार दीपिका आर्या की मौजूदगी में सदस्यों से वार्ता की। अध्यक्ष ने अपने साथ लाई पंचायतीराज अधिनियम की कूट रचित प्रति का हवाला देते हुए कहा कि पंचायतीराज की धारा 112 क के अंतर्गत गठित समितियों का कार्यकाल दो साल के लिए होने का उल्लेख है, जिसका उपाध्यक्ष और सभी आठ सदस्यों ने विरोध किया। आंदोलनरत सदस्यों का कहना है कि जिला पंचायत से सदस्यों को जो प्रति दी गई है, उसमें समितियों का कार्यकाल एक साल होने का उल्लेख है। एक्ट की प्रति पंचायतीराज कार्यालय में भी मौजूद है। पंचायतीराज विभाग की वेबसाइट में भी एक साल कार्यकाल वाला एक्ट अपलोड है।
उन्होंने एसपी से कहा कि जिपं. अध्यक्ष और प्रभारी अपर मुख्य अधिकारी ने गलत पंचायतीराज एक्ट दिखाया है, जो अपराध की श्रेणी में आता है। उन्होंने दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। बता दें कि जिपं. उपाध्यक्ष और आठ सदस्य नियोजन समिति का कार्यकाल बीती छह जनवरी का खत्म होने की बात कह रहे हैं। उनका आरोप है कि कार्यकाल पूरा होने के बाद भी बजट का आवंटन किया गया है।
अध्यक्ष अपनी बात पर कायम
बागेश्वर। जिला पंचायत अध्यक्ष बसंती देव ने बुधवार को बुलाई पत्रकार वार्ता में पंचायतीराज की धारा 112 क के अंतर्गत गठित समितियों का कार्यकाल दो साल के लिए होने की बात कही थी। उन्होेंने बाकायदा एक्ट की प्रति भी दिखाई। अध्यक्ष अपनी बात पर कायम हैं। ऐसे में देखना दिलचस्प होगा कि किसका एक्ट वास्तविक है?
उपाध्यक्ष और सदस्यों का धरना रहा जारी
बागेश्वर। जिपं अध्यक्ष पर मनमानी का आरोप लगाते हुए 15 जून से चल रहा जिपं उपाध्यक्ष और सदस्यों का धरना शुक्रवार को भी जारी रहा। धरने को पूर्व विधायक ललित फर्स्वाण समेत कई लोगों ने समर्थन दिया। धरने पर बैठे उपाध्यक्ष और सदस्यों ने मांग पूरी होने तक आंदोलन जारी रखने का एलान किया है।
जिपं उपाध्यक्ष और सदस्यों की ओर से शिकायती पत्र प्राप्त हुआ है। शिकायत की जांच कराई जा रही है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे। उसके अनुरूप कार्रवाई की जाएगी। -अमित श्रीवास्तव, एसपी बागेश्वर