बागेश्वर। जिले में कोरोना संक्रमण बढ़ने के बाद प्रतिबंधित क्षेत्र बढ़ने लगे हैं। इसके तहत 27 संक्रमित मिलने पर कपकोट का सूपी गांव कंटेनमेंट जोन (सीजेड) घोषित किया गया है जबकि 22 संक्रमित मिलने पर ढूंगापाटली गांव माइक्रो कंटेनमेंट जोन (एमसीजेड) घोषित किया गया है।
कपकोट तहसील के सूपी गांव में पिछले दिनों कोरोना संक्रमित मिलने के बाद 200 लोगों की जांच कराई गई थी। इसमें तल्ला सूपी के 27 लोग संक्रमित पाए गए। इसलिए गांव को सीजेड घोषित किया गया। बृहस्पतिवार को एसडीएम प्रमोद कुमार के निर्देश पर तहसीलदार पूजा शर्मा, थानाध्यक्ष मदन लाल, पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की टीम ने गांव में जाकर बेरिकेडिंग की।
एसडीएम ने बताया कि गांव को सील कर रिपोर्ट जिला प्रशासन को भेज दी गई है। स्वास्थ्य विभाग को पूरे गांव में जांच कराने के निर्देश दे दिए हैं। इधर बृहस्पतिवार को जिला मुख्यालय के पास के गांव मालता के ढूंगापाटली तोक को प्रशासन ने एमसीजेड घोषित किया। गांव में 22 कोरोना संक्रमित मिलने के बाद यह कार्रवाई की गई है।
ढूंगापाटली गांव में प्रधान के अनुरोध पर कुछ दिन पहले कोरोना की जांच कराई गई थी। गांव के सभी 61 लोगों की जांच हुई थी। इनमें से करीब 22 लोेग संक्रमित पाए गए। गांव में बड़ी संख्या में कोरोना संक्रमित मिलने के बाद प्रधान ने प्रशासन को सूचित किया। इसके बाद गांव के एक क्षेत्र में बेरिकेडिंग की गई।
ग्राम प्रधान गणेश रावत ने बताया कि प्रतिबंधित क्षेत्र में 11 संक्रमित थे। फिलहाल सभी संक्रमितों और उनके संपर्क में रहे लोगों को गांव के विद्यालय में ठहराया गया है। इनके खाने, पानी, बिजली की व्यवस्था की जा रही है। इधर एसडीएम योगेंद्र सिंह ने कहा कि गांव में बेरिकेडिंग कर दी गई है। जिला प्रशासन के आदेश पर क्षेत्र को एमसीजेड घोषित किया गया है।