निर्माणाधीन कपकोट-पोलिंग सड़क के निर्माण में कटी पनौरा गांव के काश्तकार की भूमि और फलदार पेड़ों का छह साल बाद भी मुआवजा नहीं मिल सका है। मुआवजे के लिए वह लोनिवि के कई चक्कर लगा चुके हैं, लेकिन आज तक किसी ने भी नहीं सुनी है।
काश्तकार ने अब मुआवजा शीघ्र न मिलने पर आंदोलन शुरू करने की चेेतावनी दी है। काश्तकार गंगा सिंह कपकोटी ने बताया कि निर्माणाधीन कपकोट-पोलिंग सड़क के कटान में उसकी भारी मात्रा में भूमि कट गई थी जबकि आम, अमरूद और पपीते के कई पेड़ कट गए थे।
मुआवजे के लिए वह 2009 से प्रयासरत हैं। लोनिवि सुरक्षा दीवार भी नहीं लगा रहा है। इससे उसकी बची जमीन बरसात में कटते जा रही है। यहां बनाया गया कल्मठ भी ढंग का नहीं है जबकि तब से मलबा भी सड़क पर पड़ा है। उन्होंने जिलाधिकारी से समस्याओं का समाधान शीघ्र कराने के लिए लोनिवि को सख्त निर्देश देने की मांग की है।