बागेश्वर। बगैर लाइसेंस बसों में परिचालक रखना अब बस संचालकों को महंगा पड़ेगा। परिवहन विभाग जिले में अभियान चलाकर बसों में बिना लाइसेंस के चल रहे परिचालकों के खिलाफ चालानी कार्रवाई करेगा।
जिले से रोडवेज और केमू की बसों का संचालन होता है। कई निजी स्कूलों की बसें भी जिले के आंतरिक मार्गों पर संचालित होती है। अधिकांश बसों में परिचालकों के पास लाइसेंस नहीं होते हैं। इससे सड़क सुरक्षा के नियमों का उल्लंघन होता है। सड़क सुरक्षा नियमों के उल्लंघन से बड़ रही सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए अब परिवहन विभाग बगैर लाइसेंस के परिचालकों पर शिकंजा कसने की तैयारी कर रहा है।
परिवहन विभाग की टीम आगामी दिनों में जिले में चेकिंग अभियान संचालित कर परिचालकों के लाइसेंस की जांच करेगी। एआरटीओ अमित कुमार ने बताया कि आरटीओ कार्यालय से प्राप्त निर्देशों के अनुसार जिले में जल्द बसों में बगैर लाइसेंस के परिचालकों के खिलाफ अभियान चलाया जाएगा। जो भी चालक बगैर लाइसेंस पाए जाएंगे, उनके खिलाफ चालानी कार्रवई की जाएगी।