जिलाधिकारी मंगेश घिल्डियाल के तबादले के विरोध में बुधवार को बागेश्वर बाजार पूर्ण रुप से बंद रहा। छात्र संगठनों ने स्कूल कॉलेज भी बंद करा दिए। बाजार बंद होने से लोगों को चाय-पानी तक नसीब नहीं हुआ। इस दौरान महिलाओं सहित तमाम संगठनों ने विधायक चंदन राम दास के आवास का घेराव भी किया।
अपनी विशेष कार्यशैली के कारण महज सात माह के कार्यकाल में जनता के बीच लोकप्रिय जिलाधिकारी मंगेश घिल्डियाल का तबादला रोकने की मांग को लेकर बागेश्वर जिले की जनता का विरोध प्रदर्शन दूसरे दिन भी जारी रहा। विभिन्न संगठनों के आह्वान पर बुधवार को बागेश्वर शहर पूरी तरह से बंद रहा। फड़-खोखे और चाय की दुकानें तक नहीं खुलीं। महाविद्यालय छात्र संघ ने सुबह नगर के सभी शिक्षण संस्थान बंद करा दिए। छात्रों ने कलक्ट्रेट तक बाइक रैली निकालकर स्थानांतरण के विरोध में नारेबाजी की। इसके बाद सभी संगठनों के लोगों ने विधायक चंदन राम के आवास पर पहुंचकर अपना विरोध जताया।
लोगों ने कहा कि एक ईमानदार जिलाधिकारी का महज सात माह के कार्यकाल में स्थानांतरण कर जिले की जनता के साथ धोखा किया है। इसका विरोध जारी रखा जाएगा। धरना प्रदर्शन और घेराव करने वालों में अंकुर उपाध्याय, छात्र संघ अध्यक्ष दीपक गस्याल, कौशल किशोर, रोशन गड़िया, हरीश राठौर, एनबी भट्ट, आलोक साह, जगदीश पाठक, जगदीश जोशी, भावना रावत, जानकी देवी, नरेंद्र बघरी, भानू तिवारी, भुवन चौबे, पंकज पांडे, हरीश सोनी, उमेश साह, नवीन साह, हरीश कोरंगा सहित सैकड़ों की संख्या में लोग शामिल थे।