दो जिलों को जोड़ने वाली निर्माणाधीन बेड़ीनाग नरगोली मोटर मार्ग का निर्माण गत दो साल से ठप पड़ा है। गुस्साए ग्रामीणों ने निर्माण कार्य शीघ्र शुरू न होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।
ग्रामीणों ने बताया कि पूर्व मुख्यमंत्री एनडी तिवारी ने अपने कार्यकाल में पांच किमी लंबी बेड़ीनाग नरगोली मोटर मार्ग की स्वीकृति दी थी। लोनिवि डिवीजन बेड़ीनाग ने वर्ष 2012-13 में डेढ़ किमी दूर पोस्ताला से महरूड़ी तक सड़क का कटान किया। तब से विभाग ने बजट कम बताकर काम बंद किया था। शासन ने लोनिवि को साढ़े तीन किमी मार्ग निर्माण के लिए 2.97 करोड़ रुपए मंजूर कर दिया है। इसके बावजूद लोनिवि सड़क का निर्माण शुरू नहीं कर सका है।
सड़क न बनने से नरगोली, चंतोला, ठांगा, खातीगांव, कपूरी, ओलानी, देवलेत, देवतोली, भंडारीगांव आदि गांवों को यातायात की सुविधा मिलनी थी। सड़क न बनने के कारण विशिष्टजनों को पेंशन लेने, रोगियों, प्रसव पीड़िताओं को अस्पताल पहुंचाने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
ग्रामीणों ने बताया कि सड़क न बनने से गांव के विकास पर बुरा असर पड़ रहा है। गुस्साए ग्रामीणों ने सड़क का निर्माण शीघ्र शुरू न होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है। चेतावनी देने वालों में कमस्यार संघर्ष समिति के अध्यक्ष सतीश उप्रेती, बीडीसी सदस्य कुंदन बोरा, पूर्व जिला पंचायत शंकर राम, मुन्ना भौर्याल, सोहन भंडारी, राजेंद्र राम, डा. गणेश रावत, महेश राठौर, शेखर रावत, अनिल रौतेला, पूरन उप्रेती, कमल रावत, द्रोपदी रौतेला, कमला धानिक, भूपेश रौतेला, प्रवीण रौतेला, मुकेश पाठक, जगदीश साहनी, रमेश राम आदि शामिल हैं।
उधर लोनिवि बेड़ीनाग के अधिशासी अभियंता बीआर टम्टा ने बताया कि संबंधित ठेकेेदार को निर्माण कार्य शीघ्र शुरू करने के निर्देश दिए हैं। जल्दी ही सड़क अपने गंतव्यस्थल को पहुंच जाएगी। विधायक ललित फर्स्वाण ने कहा कि उन्होंने लोनिवि के बेड़ीनाग के ईई को सड़क का निर्माण शीघ्र पूरा करने के सख्त निर्देश दिए हैं। काम जल्दी से शुरू न करने पर ठेकेदार के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई करने को कहा गया है।