पीजीआई चंडीगढ़ के सेमिनार में आस्था ग्रुप के कलाकार।
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पीजीआई चंडीगढ़ का वार्षिकोत्सव में कोरंगा एंड पार्टी आस्था ग्रुप सेवा समिति के कलाकारों ने धमाल मचा दिया। पीजीआई के वार्षिकोत्सव में पहली बार उत्तराखंड के किसी ग्रुप को शामिल होने का मौका मिला। कार्यक्रम में कुमाऊं के विख्यात लोक कलाकार आनंद कोरंगा और उनकी पत्नी हीरा कोरंगा के गीत और नृत्य बसंती रूम झुमा...में दर्शक अपनी ही जगह थिरकने को मजबूर हो गए।
पीजीआई चंडीगढ़ के विशाल पंडाल में 25 फरवरी को आयोजित इस कार्यक्रम में कोरंगा एंड पार्टी देवभूमि आस्था सेवा समिति से जुड़े कलाकारों ने बेड़ु पाको बारो मासा..., ग्वरिखे चेलि भागुली..., धुर डाना बुंरूशि फूलि रे..., तेरि गुलाबी साड़ी भागुली... समेत कई अन्य मन मोहक गीत प्रस्तुत किए। रंगोली पहनी महिला कलाकारों का नृत्य और उनके लटके झटकों ने दर्शकों को खूब प्रभावित किया। इसके अलावा कोरंगा के गीत लाग चौमासा ऊंचा डाना में हौली रे...को भी दर्शकों द्वारा काफी सराहा गया। मुख्य अतिथि हिमांचल प्रदेश के राज्यपाल आचार्य देवव्रत थे। अध्यक्षता डा. जेडी पुरी ने की। कार्यक्रम में पीजीआई के निदेशक केएन रावत, आर्गनाइजर सेकेट्री डॉ. निधि पांडे और को-ऑर्गनाइजेशन सेकेट्री डॉ. हेमंत भगत आदि मौजूद थे।
आस्था सेवा समिति के आनंद कोरंगा ने बताया कि पीजीआई चंडीगढ़ के वार्षिक सेमिनार में शामिल होना उनके लिए गौरव की बात है। सेमिनार में उत्तराखंड से पहली बार किसी ग्रुप के शामिल होने का मौका मिला। क्योंकि सेमिनार में हर साल देश विदेश से बड़ी बड़ी सेलेबर्टीज हिस्सा लेती हैं। उन्होंने पीजीआई प्रशासन के साथ ही खास तौर पर को- ऑर्गनाइजेशन सेकेट्री डा. भगत का आभार जताया है। ग्रुप के कलाकारों में नृत्य निर्देशक दुर्गा फर्स्वाण, जीवन कोरंगा, नीतू कोरंगा, गुंजन मेहता, साक्षी पंवार, केतन कोरंगा, पूरन कोंरगा और अतुल यादव शामिल थे।