अणां-बानणा पेयजल योजना के चार दिन से ठप रहने से आधा दर्जन से अधिक गांवों में पेयजल को लेकर हाहाकार मचा है। उपभोक्ताओं ने धमकी दी है कि यदि जल्द ही पानी की सप्लाई सुचारु नहीं की गई तो विभाग के कार्यालय में तालाबंदी की जाएगी। उधर, माल्दे और मुुस्लिम बस्ती के ग्रामीण गोमती नदी का प्रदूषित पानी पीने को मजबूर है।
माल्दे, नौघर, टीट बाजार, भकूनखोला, गढ़सेर, टीट बाजार आदि गांवों में पानी की आपूर्ति करने वाली अणां-बानणा पेयजल योजना पिछले चार दिनों से ठप है। पेयजल सप्लाई ठप होने से सबसे ज्यादा माल्दे गांव के ग्रामीण प्रभावित है।
गांव की प्रधान कमला बिष्ट कांग्रेस सेवादल के जिलाध्यक्ष दयाल बिष्ट ने बताया कि पेयजल सप्लाई ठप होने से ग्रामीणों का पूरा दिन गोमती नदी से पानी के इंतजाम में ही बीत जा रहा है। उन्होंने बताया कि पानी की सप्लाई करने के संबंध में कई बार जल संस्थान के अवर अभियंता से शिकायत की जा चुकी है, लेकिन आज तक सुनवाई नहीं हुई। प्रधान बिष्ट ने बताया कि योजना का स्रोत गरुड़ से 15 किमी दूर है।
स्रोत में वर्तमान में पर्याप्त पानी है। लेकिन समस्या कहां पर है इसके लिए विभाग ने स्रोत पर विभागीय कर्मचारी नहीं भेजा है। इधर, जिपं सदस्य शिव सिंह बिष्ट ने गर्मी के सीजन मद्देनजर जल संस्थान के ईई से गरुड़ क्षेत्र के सड़क से जुड़े गांवों में टैंकरों से पानी की सप्लाई करने को कहा है।
वहीं, भकूनखोला, मुस्लिम बस्ती के ग्रामीणों का कहना है कि बस्ती में एक सप्ताह से पानी की सप्लाई ठप है। बस्ती के लोग भी गोमती का पानी प्रदूषित पीने को मजबूर हैं। जल संस्थान के जेई ने बताया कि योजना के क्षतिग्रस्त हेड को दुरुस्त करने के निर्देश विभाग के चौकीदार को दे दिए है। उन्होंने बताया कि एक-दो दिन के अंदर पानी की सप्लाई कर दी जाएगी।