गरुड़ (बागेश्वर)। शराब बंदी को लेकर प्रशासन पर सुप्रीम कोर्ट के आदेश का असर तो नहीं पड़ा मगर महिलाओं के तेवरों के आगे उसे झुकना पड़ा। बैजनाथ-ग्वालदम बदरीनाथ नेशनल हाइवे पर कंधार में शराब बेचे जाने के विरोध में गोमती घाटी, पिंगलों गलई, मगलटा की महिलाओं ने बृहस्पतिवार को चक्का जाम कर दिया। दोनों ओर से वाहनों की लंबी लाइन लग गई। इससे अफसर हरकत में आए तो शराब की दुकान को सील कर दिया गया। तहसीलदार के आश्वासन पर महिलाओं ने जाम खोला।
सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर कंधार में शराब की दुकान बंद हो गई थी मगर कुछ दिनों से यहां चोरी छिपे शराब बेची जाने लगी। महिलाओं को इसकी भनक लगी तो बृहस्पतिवार को हंगामा करने कंधार में शराब की दुकान में पहुंच गईं। पिंगलों की जिला पंचायत सदस्य और कत्यूर घाटी की शराब विरोधी आंदोलन की प्रमुख नंदी भंडारी की अगुवाई में गोमती घाटी, गलई, कंधार और पिंगलों मगल्टा आदि इलाके की महिलाओं ने जमकर नारेबाजी।
उन्होंने बैजनाथ ग्वालदम, बदरीनाथ हाइवे पर जाम लगा दिया। सूचना मिलने पर तहसीलदार दयाल चंद्र टम्टा, कानूनगो दयाल मिश्रा और पटवारी देश दीपक वर्मा मौके पर पहुंच गए। उन्होंने महिलाओं को समझाने की कोशिश की मगर वे जिद पर अड़ी रहीं। मामला बिगड़ता देख तहसीलदार ने दुकान सील कर दी। महिलाओं ने एलान किया कि शराब की दुकान को दोबारा खोला गया तो बड़ा आंदोलन होगा। इस मौके पर पिंगलों के प्रधान दीना नाथ, हेमा फर्स्वाण, कमला, विनोद देवराड़ी, आनंद सिंह, आदित्य, रमेश शर्मा आदि मौजूद रहे।