आरोपी को पकड़ने में पुलिस को बहाना पड़ा पसीना
दो घंटे की मशक्कत के बाद चढ़ा हत्थे
बागेश्वर। अल्मोड़ा कारागार से न्यायालय में पेशी के लिए आया पॉक्सो अधिनियम का आरोपी पुलिस अभिरक्षा से भाग गया। अचानक हुई घटना से पुलिस महकमा सकते में आ गया। करीब दो घंटे तक पुलिस की टीम आरोपी को पकड़ने के लिए मशक्कत करती रही। आखिरकार आरएफसी गोदाम के समीप से वह पुलिस के हत्थे चढ़ सका।
धारा 376, 506 और पॉक्सो अधिनियम के आरोपी दीवान राम निवासी ग्वाल्दे, नौगांव, गरुड़ को जनवरी 2024 में गिरफ्तार किया गया था। वर्तमान में वह अल्मोड़ा जेल में बंद है। शुक्रवार को उसकी न्यायालय में पेशी थी। करीब ढाई घंटे तक न्यायालय में सुनवाई के बाद जब आरोपी बाहर निकला तो अचानक पुलिस अभिरक्षा से भाग गया। न्यायालय परिसर से उसके फरार होने से अफरातफरी मच गई। पुलिस कर्मियों ने उसे पकड़ने के लिए पीछा किया, लेकिन वह पहाड़ी की ढलान पर कूदते-फांदते पुलिस की पहुंच से दूर होे गया।
मामले की जानकारी होते ही पुलिस के आला अधिकारी सक्रिय हो गए और उसे पकड़ने के लिए सभी थाने और चौकियों को अलर्ट कर दिया गया। पुलिस लाइन, कोतवाली, एसओजी और पुलिस कार्यालय की अलग-अलग टीमें बनाकर सघन चेकिंग अभियान शुरू किया गया। लोगों से पूछताछ और संदिग्ध स्थानों की तलाशी के बाद उसे डीएम कार्यालय के समीप स्थित आरएफसी गोदाम के पास से पकड़ लिया गया। आरोपी के खिलाफ कोतवाली में धारा 224 के तहत केस दर्ज किया गया है।
नगर की ओर भागा आरोपी
बागेश्वर। पॉक्सो अधिनियम के आरोपी ने पुलिस अभिरक्षा से भागने का जोखिम तो उठाया लेकिन नगर की ओर दौड़ लगा दी। कोर्ट परिसर से कूद मारकर वह ज्वालादेवी वार्ड की तरफ भागा। वहां से होते हुए नारायणदेव वार्ड की घनी आबादी में पहुंचा। इसी दौरान उसने अपनी जैकेट को हनुमान मंदिर के समीप उतारकर फेंक दिया और यहां से डीएम कार्यालय को जाने वाली सड़क पर चला गया और आरएफसी गोदाम के समीप से पकड़ लिया गया।
कोट-पुलिस अभिरक्षा से भागे आरोपी को पकड़ने के लिए पुलिस ने सक्रियता से कार्य किया। दो घंटे के भीतर उसे पकड़ लिया गया। आरोपी के भागने के मामले की जांच भी शुरू कर दी गई है। -अक्षय प्रह्लाद कोंडे, एसपी बागेश्वर