बागेश्वर। सुंदरढुंगा ट्रेकिंग रूट से लापता छत्तीसगढ़ के युवा ट्रेकर को ढूंढ़ने के लिए देहरादून से एसडीआरएफ के पर्वतारोही जवान बागेश्वर पहुंच गए हैं। एसडीआरएफ के जवानों को एसपी ने जरूरी दिशा-निर्देश दिए। इसके बाद जवान कपकोट के लिए रवाना हो गए।
मालूम हो कि छत्तीसगढ़ के रायपुर से ट्रेकिंग के लिए बागेश्वर आया 28 वर्षीय बागीश चंद्राकर एक माह पूर्व लापता हो गया था। यह युवक छह सितंबर की सुबह साढ़े आठ बजे सुंगरढुंगा ग्लेशियर के लिए निकला। इसके बाद उसका कोई सुराग नहीं लग पाया। कई दिनों तक बागीश का फोन नहीं आने पर परिजनों ने उसकी ढूंढ़खोज शुरू की। ट्रेकर के लापता होने की सूचना पर तहसील प्रशासन ने भी पांच सदस्यीय टीम ढूंढ़खोज को भेजी थी। जीरो प्वाइंट तक जाने के बाद भी इस टीम के हाथ कोई सुराग नहीं लगा।
आखिरकार लापता युवक का पता लगाने के लिए प्रशासन ने देहरादून से एसडीआरएफ के पांच पर्वतारोहियों की टीम यहां बुलाई है। एसडीआरएफ के जवानों के यहां पहुंचने पर एसपी मुकेश कुमार ने उन्हें ट्रेक से संबंधित जानकारी दी। इसके बाद पांचों जवान कपकोट के लिए रवाना हुए। यह जवान सुंदरढंगा के लिए बृहस्पतिवार की सुबह रवाना होंगे। इन जवानों के साथ दो स्थानीय गाइड भेजे जाएंगे। लापता ट्रेकर के जीजा प्रियंक पटेल और चचेरा भाई तुपेश चंद्रा जातोली में ठहरे हुए हैं।