मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने बृहस्पतिवार को कपकोट में 2.53 अरब रुपये की 115 योजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण किया। इस दौरान उन्होंने छह योजनाओं की घोषणा भी की। उन्होंने क्षेत्र की सात मंजूर योजनाओं का शासनादेश पढ़कर सुनाया। इस मौके पर उन्होंने कन्या गौराधन के 100 लाभार्थियों को 50 लाख रुपये के चेक, छह किसानों को किसान सम्मान निधि के प्रमाणपत्र और पांच महिलाओं को उज्ज्वला योजना के तहत गैस कनेक्शन बांटे।
बृहस्पतिवार को केदारेश्वर मैदान में हुए कार्यक्रम में सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत ने कहा कि सरकार ने विकास की कई योजनाएं संचालित कीं हैं। इनमें बागेश्वर में बागनाथ धाम का जीर्णोद्धार, सड़कों का निर्माण और गरुड़ में फैक्ट्री बनाई जा रही है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में पिरुल से रोजगार की अपार संभावनाएं हैं। चीड़ की पत्तियों से बिजली बनाई जा सकती है। इसी क्रम में 50 करोड़ के ठेके हुए हैं। उन्होंने कहा कि पिरुल (चीड़ की पत्तियां) से बिजली निर्माण के लिए प्रशिक्षण भी दिया जाएगा ताकि पहाड़ में युवाओं एवं महिलाओं को रोजगार मिले और पलायन थमे।
प्राकृतिक संसाधनों को विकसित करना है : सीएम
बृहस्पतिवार को केदारेश्वर मैदान में हुए कार्यक्रम में सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत ने कहा कि भाजपा सरकार पहाड़ के दूरस्थ क्षेत्रों के लिए कार्य और विकास के लिए शोध कर रही है। उन्होंने कहा कि प्रकृति ने जो संसाधन दिए हैं उनको विकसित करना है। व्यक्तिगत रूप में कृषि, सहकारिता, दुग्ध विकास, मत्स्य पालन, फूड पैकेजिंग कार्य, समूहों के लिए 5 लाख तक का लोन जीरो प्रतिशत ब्याज पर दिया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि बृहस्पतिवार को ही मुख्यमंत्री आंचल अमृत योजना का शुभारंभ किया है। इसमें आंगनबाड़ी में बच्चों को हफ्ते में दो दिन दूध दिया जाएगा। अटल आयुष्मान, प्रधानमंत्री श्रम योगी मान धन, किसान सम्मान निधि, सौभाग्य, उज्ज्वला योजना का लाभ उठाने की अपील की। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सेना को दी खुली छूट से सेना ने पाकिस्तान में एयर स्ट्राइक को अंजाम दिया।
विधायक बलवंत सिंह भौर्याल ने कहा कि विस में पूर्व में 24 घोषणाएं की हैं इनमें अधिकांश पर कार्य शुरू हो चुका है जबकि कई की डीपीआर मंजूरी को है। उन्होंने कपकोट विस के लिए जड़ी बूटी अनुसंधान संस्थान की स्वीकृति, शामा में डिग्री कालेज की मंजूरी, दुगनाकुरी तहसील को परगना का दर्जा देने, बंदर बाड़ा बनाने, विद्यालयों में रिक्त चल रहे पदों पर शिक्षकों की तैनाती, सीमांत में संचार व्यवस्थाएं दुरुस्त करने की मांग की। इस दौरान उच्च शिक्षा मंत्री धन सिंह रावत, विधायक चंदन राम दास, शेर सिंह गढ़िया, एसएस बिष्ट, दीपा आर्य, राम सिंह कोरंगा, मनोहर राम, कुंदन परिहार, डीएम रंजना राजगुरु, एसपी लोकेश्वर सिंह आदि मौजूद थे।