टीके को लेकर भ्रांतियां न फैलाए
- फोटो : Demo Pic
कांडा तहसील क्षेत्र के जीआईसी विजयपुर में खसरा रुबेला के टीकाकरण के बाद 15 छात्राओं की तबियत बिगड़ गई। कई छात्राओं को पेट दर्द, चक्कर और जी मचलने की शिकायत से वहां खलबली मच गई। बीमार हुई सभी छात्राओं को आननफानन में जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। इनमें से 10 छात्राओं को प्राथमिक इलाज के बाद घर भेज दिया गया। पांच छात्राएं अभी अस्पताल में भर्ती हैं।
मंगलवार को जीआईसी विजयपुर में छात्र-छात्राओं को खसरा रुबेला का टीका लगाया गया। टीका लगने के कुछ ही समय बाद 15 छात्राओं की तबियत बिगड़ने लगी। छात्राओं ने पेट में दर्द और जी मचलने की शिकायत की। एक साथ छात्राओं को इस तरह की परेशानी होने पर वहां मौजूद स्वास्थ्य विभाग की टीम और शिक्षकों में खलबली मच गई।
आननफानन में सभी छात्राओं को वाहन से 30 किमी दूर बागेश्वर के जिला अस्पताल लाया गया। प्राथमिक इलाज के बाद 10 छात्राओं की तबियत में सुधार के बाद उन्हें अभिभावकों के साथ घर भेज दिया गया, जबकि पांच छात्राएं देर शाम तक अस्पताल में ही भर्ती थीं। डॉक्टरों के अनुसार सभी छात्राओं की हालत सामान्य है। इधर, टीके लगने के बाद छात्राओं के बीमार पड़ने की सूचना मिलने पर सीएमओ डॉ. शैलजा भट्ट ने भी जिला अस्पताल पहुंचकर छात्राओं का हाल जाना।
छात्राएं दूरदराज गांवों से पैदल चलकर स्कूल आती हैं। अधिकांश छात्राओं को भूख के कारण कमजोरी और सिर चकराने की शिकायत हुई। प्राथमिक इलाज के बाद 10 छात्राओं को घर भेज दिया गया है। जो छात्राएं अभी कमजोरी महसूस कर रही हैं, उन्हें अस्पताल में ही रखा गया है। टीकाकरण से घबराने वाली कोई बात नहीं है।
- डॉ. शैलजा भट्ट, सीएमओ, बागेश्वर।