तिगरी गंगा धाम मेला पूरी तरह भर गया है। इसी के साथ मेले में शहर और ग्रामीण संस्कृति का संगम हो रहा है। पतित पावनी गंगा में डुबकी लगाकर लोग पुण्य लाभ कमा रहे हैं तो मेले में आए बच्चों और युवाओं के लिए यह पिकनिक स्पॉट बना हुआ है।
कार्तिक पूर्णिमा 25 नवंबर को है। इस दिन मुख्य स्नान है। चौबीस नवंबर की रात बारह बजे के बाद कार्तिक पूर्णिमा का मुख्य स्नान शुरू हो जाएगा। रविवार को मेले के आगाज को देखते हुए श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी।
शहर से लेकर गांव तक के लोग अपने डेरे लगाए हुए हैं। जहां कल्पवासी गंगा स्नान और भजन कीर्तन कर पुण्य लाभ कमा रहे हैं तो बच्चे और युवा पिकनिक का आनंद ले रहे हैं। बच्चे झूले और खेल तमाशे का भी लाभ ले रहे हैं।
झूलों का पहिया घूमते ही युवाओं की भीड़ लग रही है। छोटे बच्चों ने खेल खिलौने खरीदे और चरखी वाले झूले का आनंद लिया। सौंदर्य प्रशाधन की दुकानों पर महिलाओं की भी भीड़ लगी रही। फिरकी, गुब्बारे, पपीहा, बांसुरी आदि फेरी वालों को बच्चे घेरे हुए नजर आए।
सुबह से ही गंगा घाट पर लगा श्रद्धालुओं का तांता
तिगरी गंगा धाम। गंगा मेला के उद्घाटन के दिन सुबह से ही श्रद्धालुओं का गंगा घाट पर तांता लग गया था। श्रद्धालुओं ने गंगा में डुबकी लगा कर पुण्य लाभ कमाया। गंगा स्नान के दौरान गंगा मईया को नमन और सूर्य नारायण को अर्घ्य दिया।
शुरू हुआ नि:शुल्क चिकित्सालय
तिगरी गंगा धाम। गंगा मेले में श्रद्धालुओं के स्वास्थ्य की देख रेख के लिए नि:शुल्क चिकित्सालय का रविवार हो शुभारंभ किया गया। श्री सांई कृपा एजूकेशनल एण्ड वैलफेयर ट्रस्ट अमरोहा के तत्वावधान में जिला पंचायत कैंप से सट कर चिकित्सालय खोला गया है।
पूर्व सांसद चौधरी चंद्रपाल सिंह और जिला पंचायत सदस्य रेनू चौधरी ने फीता काट कर शुुभारंभ किया। इसके बाद तीर्थंकर महावीर यूनिवर्सिटी के चिकित्सकों ने मरीजों का परीक्षण किया और दवाएं वितरित की।
ट्रस्ट के संस्थापक पीतम सिंह, निदेशक पीयूष कुमार, प्रधानाचार्य एलसी वर्मा ने बताया कि स्वास्थ्य शिविर 24 नवंबर तक चलेगा। प्रति दिन सुबह 10 से अपराह्न चार बजे तक सेवाएं दी जाएंगी। मुकुल चौधरी, अमी चंद, रिसाल सिंह, कुलदीप सिंह का सहयोग रहा।