गांव फौंदापुर निवासी उर्मिला देवी पत्नी विजय पाल गजरौला के डाकघर में चतुर्थश्रेणी कर्मचारी हैं। पीड़िता ने बताया कि, डाकघर की भरतियाग्राम शाखा का चतुर्थश्रेणी कर्मचारी हरेंद्र अवकाश पर चल रहा है, जिससे उसके स्थान पर वह गुरुवार सुबह नौ बजे भरतियाग्राम शाखा जाने के लिए घर से निकली थी।
सुबह साढ़े नौ बजे जब वह चौपला से पैदल डाकघर की ओर जा रहीं थी, तभी एक होटल के सामने दो युवकों ने उसे रोक लिया। युवकों ने उसे लुटने का भय दिखाकर कानों के सोने कुंडल, सोने की कंठी थैले में रखने को कहा। इस पर उसने जेवर उतार कर थैले में रख लिए।
इतना ही नहीं पास रखे 510 रुपये भी थैले में रख दिए। इसी दौरान बातों में उलझाकर युवकों ने उससे थैला ले लिया और मौका पाकर थैले के साथ भाग गए। पीड़ित के मुताबिक 17 हजार रुपये का नुकसान हुआ है।