नगर पालिका बोर्ड की बैठक गुरुवार को हंगामेदार रही। सभासदों ने शहर से बाहर जोया-अमरोहा रोड पर पथ प्रकाश व्यवस्था पर लाखों रुपये के खर्च करने के प्रस्ताव पर एतराज जताया।
वहीं जेई पर बिना निरीक्षण ठेकेदारों को धनअवमुक्त करने का आरोप लगाया। इससे माहौल गरमा गया, खूब बहस हुईं। इस बीच साढ़े सात करोड़ के विकास कार्यों पर मुहर लगा दी गई।
नगर पालिका परिषद की बोर्ड की बैठक दोपहर दो बजे शुरू हुई। कर अधीक्षक ने प्रस्ताव के बिंदुओं को पढ़ना शुरू किया तो कमर नकवी समेत कई सभासद भड़क गए।
उन्होंने पालिका सीमा से बाहर जोया-अमरोहा फोरलेन पर पथ प्रकाश व्यवस्था पर लाखों रुपये के प्रस्ताव का विरोध किया। इसके अलावा जेई सुनहेरी लाल शर्मा पर आरोप लगाया कि वह नए निर्माण कार्यों का निरीक्षण नहीं करते और ठेकेदारों को धनअवमुक्त करने की संस्तुति दे देते हैं।
कीटनाशक का छिड़काव न कराने और पालिका की ओर से प्रस्ताव पारित होने के बावजूद एंबुलेंस की खरीद न करने का भी आरोप लगाया। इस हंगामे के बीच किसी तरह सभासदों को समझाकर शांत किया गया और सर्वसम्मति से करीब साढ़े सात करोड़ से होने वाले विकास कार्यों के प्रस्ताव पर मुहर लगाई गई।
छह करोड़ की धनराशि से निर्माण कार्य जबकि शेष धनराशि से स्टेशन रोड, जोया-अमरोहा रोड पर पथ प्रकाश व्यवस्था, जलकल के कार्य पर खर्च होंगे। बैठक में चेयरमैन अफसर परवेज, ईओ प्रेम प्रकाश, जेई सुनहरी लाल शर्मा और समस्त सभासद मौजूद रहे।