जिले में अलग-अलग स्थानों पर दो लोगों की कड़ाके की ठंड से मौत हो गई। इससे पहले भी कई लोगों की ठंड से मौत हो चुकी है। इसी के साथ सर्दी से जिले में मरने वालों की संख्या 11 हो गई है।
रजबपुर थाना क्षेत्र के गांव मदीपुरा निवासी 30 वर्षीय मनोज पुत्र शंकर दिल्ली के एक शिक्षक संस्थान में प्राइवेट सफाई कर्मचारी था। 14 दिन पहले वह गांव आया था। इस दरम्यान उसे ठंड ने जकड़ लिया था।
स्थानीय डाक्टरों की दवाई से जब कोई लाभ नहीं हुआ। इस पर उसका चांदपुर जिला बिजनौर के किसी अस्पताल से इलाज करवाया गया। लेकिन सेहत में सुधार होता नहीं दिखाई दिया।
सोमवार की तड़के चार बजे मनोज ने दम तोड़ दिया। युवक की मौत से परिवार में कोहराम मच गया। परिजनों ने बिना कानूनी कार्रवाई के ही शव का अंतिम संस्कार कर दिया। परिजनों का रो-रोकर बुराहाल है।
उधर, रहरा पुलिस चौकी क्षेत्र के गंगेश्वरी में सोमवार की तड़के पशुशाला में सोते समय किसान की मौत हो गई। 50 वर्षीय प्रकाश पुत्र खचेडू रविवार की रात को अपने पशुओं की सुरक्षा के लिए खुले छप्पर के नीचे सो रहा था।
ठंड लगने से रात में किसी समय प्रकाश ने दम तोड़ दिया। सोमवार की सुबह देर तक प्रकाश के घर नहीं आने पर परिजनों ने पशुशाला पहुंचकर देखा तो प्रकाश मृत पड़े मिले। मौके पर ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई।
परिजनों ने बिना किसी कार्रवाई के शव का अंतिम संस्कार कर दिया। इससे पहले भी जिले में कई लोगों की ठंड से जान जा चुकी है।
इससे पहले सर्दी से इनकी भी जा चुकी है जान
इससे पहले राजवीर(42)पुत्र सूखाराम निवासी फत्तेहपुर जिवाई (डिडौली),अंजुम गुर्जर(35)पत्नी नूर मोहम्मद निवासी गांव शेखूपुरा, अकरम (45) पुत्र नोमान निवासी मोहल्ला बगला (अमरोहा), भूप सिंह (55) निवासी गांव मझोला (देहात थाना क्षेत्र), डिंपल चौहान(24)पुत्र वीर सिंह निवासी शाहबाजपुर मिलक(नौगावां सादात), नूर हसन(55) पुत्र घसीटा सिंह (मंडी धनौरा), मतलूब अहमद (70) पुत्र फकरे अहमद निवासी मोहल्ला रोतिया (हसनपुर), महेंद्र सिंह (40)पुत्र गोपी किशन निवासी गांव तिगरिया नादिरशाह और ओमप्रकाश (40) निवासी गांव झुंडपुरा (मंडी धनौरा) की भी सर्दी से जान जा चुकी है।