श्री गिरिराज सेवा समिति की ओर से पुत्रदा एकादशी के अवसर पर शिव मंदिर बेगम सराय कला में हरिनाम संकीर्तन का आयोजन हुआ। श्रद्घालुओं ने श्री हरि का गुणगान किया। हरि भजनों पर श्रद्घालु उठे।
सेवादार वेद प्रकाश भार्गव ने पुत्रदा एकादशी का महत्व बताते हुए कहा कि विश्व में पुत्रदा एकादशी से बढ़कर अन्य कोई उपवास नहीं है। इसके पुण्य से मनुष्य धनवान होता है। इसके उपवास को विधिपूर्वक करने से नि:संतान दंपति को पुत्र की प्राप्ति होती है। मोक्ष की प्राप्ति होती है।
सेवादारों ने भजनों के माध्यम से भगवान श्रीहरि का गुणगान किया। मेरे घर आना सांवरिया, तुझे जाने ना दूंगी, मेरे कान्हा पे टोना कर गई, मुझे श्याम सुंदर की दुल्हन बना दो, गोवर्धन महाराज तेरे माथे मुकुट बिराजे, मेरी मटकी में मार गया डेला आदि भजनों पर श्रद्धालु झूम उठे।
यहां, उमेश दीक्षित, प्रदीप भटनागर, पंकज वर्मा, अनुराग माहेश्वरी, उमा अरोड़ा, कुसुम भार्गव, मुकेश टंडन, नीरज, रजनी गोयल, मनीष माहेश्वरी, सरस अग्रवाल, अनिल माहेश्वरी, विपुल अग्रवाल, नवनीत माहेश्वरी, नीरज माहेश्वरी, अशोक रस्तौगी, विनीत माहेश्वरी, संदीप गोयल, प्रबोध रस्तौगी, अलका मदान, रवि रस्तौगी, अतुल अग्रवाल आदि मौजूद रहे।