अल्मोड़ा। पिछले दिनों राजस्व पुलिस की हिरासत में प्रवासी की मौत के मामले में अब तक पटवारी की गिरफ्तारी नहीं होने से मृतक के परिजनों समेत तमाम ग्रामीणों में भारी रोष है। बुधवार को मृतक की पत्नी, दो बच्चे और विभिन्न गांवों के ग्रामीण सांकेतिक धरने पर बैठ गए। राजस्व उप निरीक्षक की शीघ्र गिरफ्तारी किए जाने की मांग की। पांच दिनों में गिरफ्तारी नहीं होने पर ग्रामीणों ने आमरण अनशन की चेतावनी दी।
उल्लेखनीय है कि भैंसियाछाना विकासखंड के कुनखेत गांव निवासी सोबन सिंह पुत्र हयात सिंह की पत्नी ने सोबन द्वारा मारपीट करने का आरोप लगाया था। जिसे लेकर सोबन को राजस्व पुलिस ने हिरासत में ले लिया था। उसकी हिरासत में मृत्यु हो गई थी। इस दौरान पत्नी की तहरीर में आरएसआई राजेश कुमार आर्य के खिलाफ नामजद रिपोर्ट दर्ज की गई।
रिपोर्ट के बाद भी मामले में अब तक आरोपी पटवारी की गिरफ्तारी नहीं हो सकी। जिसको लेकर ग्रामीणों में रोष है। पिछले दिनों परिजन, ग्रामीणों और छात्र नेताओं ने भी प्रशासन को ज्ञापन सौंप शीघ्र ही आरोपी को हिरासत में लेने की मांग की थी। इधर बुधवार को मृतक सोबन सिंह की पत्नी कमला देवी अपने दो बच्चों और ग्रामीणों के साथ पटवारी की गिरफ्तारी की मांग को लेकर धरने पर बैठ गई।
इस दौरान नौगांव, कनारीछीना, नैनी, गूठ, छानी, बाड़ेछीना आदि के ग्रामीण भी समर्थन करते हुए धरने पर बैठे। वक्ताओं ने कहा कि हिरासत में मौत के मामले में प्रशासन सुस्त रवैैया अपना रहा है। पटवारी की शीघ्र गिरफ्तारी की जानी चाहिए। इस दौरान सभी ने एकजुट होकर पांच दिनों के भीतर आरोपी पटवारी को गिरफ्तार किए जाने की मांग उठाई। मांग पूरी नहीं होने पर क्रमिक, आमरण अनशन करने को ग्रामीण बाध्य होंगे। जिसके लिए प्रशासन खुद जिम्मेदार रहेगा। इस मौके पर पूर्व ब्लॉक प्रमुख हरीश बनौला, सामाजिक कार्यकर्ता भगवान सिंह नेगी, प्रधान खष्टी पांडे, कृष्णा रावल, नरेंद्र चम्याल, महीपाल नेगी, राजेंद्र सिंह बिष्ट, गिरीश बिष्ट, मनोज बिष्ट, भूपेंद्र बोरा आदि मौजूद रहे।