डामर उखड़ने से शहर के आंतरिक मार्गों की हालत खराब है। एडम्स-रानीधारा, धारानौला-करबला, लक्ष्मेश्वर-शैल सड़क में जगह-जगह गड्डे बने हुए हैं।
जिससे स्थानीय लोगों, वाहन चालकों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। लोनिवि एडीबी (आपदा) खंड को बजट मंजूर होने के बाद भी सड़कों को दुरुस्त नहीं किया गया है।
लक्ष्मेश्वर-शैल मार्ग पर धार की तूनी के समीप जगह-जगह गड्ढे हो गए हैं। धूल उड़ने से व्यापारियों को भी दिक्कतें हो रही हैं। रानीधारा मार्ग की हालत भी खराब है।
पहले से ही संकरी इस सड़क में डामर उखड़ने से बड़े-बड़े गड्ढे हो गए हैं। गड्ढों में बारिश का पानी भरने से छींटे पैदल चलने वालों पर पड़ते हैं। पानी की निकासी के लिए भी नालियां नहीं बनी हैं।
धारानौला-करबला मार्ग से पिथौरागढ़, बागेश्वर, बेरीनाग, ताकुला, सेराघाट, धौलछीना, शहरफाटक आदि क्षेत्रों को सैकड़ों वाहन आते-जाते हैं। धारानौला से करबला तक सड़क में जगह-जगह गड्ढे हो गए हैं।
धूल उड़ने से राहगीरों और स्थानीय व्यापारियों को भी परेशानी होती है। पर इस ओर किसी का ध्यान नहीं है। शहर की सड़कों की दशा नहीं सुधरने से शहरवासियों के साथ ही यात्रियों और पर्यटकों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है, लेकिन लोनिवि सड़कों की दशा नहीं सुधार रहा है। इससे लोगों में विभाग के खिलाफ आक्रोश है।