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जाल में ग्रामीणों ने गैस का ट्रक रोका

Thu, 17 Dec 2015 10:37 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला ब्यूरो, सोमेश्वर (अल्मोड़ा)।
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ग्रामीण क्षेत्रों में रसोई गैस की किल्लत दूर नहीं हो रही है। सोमेश्वर तहसील के जाल क्षेत्र में पिछले तीन माह से रसोई गैस नहीं आने से उपभोक्ताओं में रोष व्याप्त है। जाल क्षेत्र के ग्रामीणों ने बृहस्पतिवार को दिन में बिजौरिया बैंड जा रहे गैस के ट्रक को रोक दिया। बाद में एजेंसी कर्मियों ने जाल में गैस का वितरण किया।
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अल्मोड़ा गैस एजेंसी से बिजौरिया बैंड के लिए सिलेंडरों से भरा ट्रक भेजा गया था। जाल के ग्रामीणों को इसकी सूचना मिली और उन्होंने दिन में करीब 12 बजे कौसानी मार्ग में जाल कस्बे में ट्रक रोक दिया। ग्रामीण जाल में ही गैस का वितरण करने पर अड़ गए और उन्होंने ट्रक को बिजौरिया बैंड नहीं जाने दिया।
बाद में गैस विभाग और प्रशासन के अधिकारियों ने गैस कर्मियों को जाल में ही गैस बांटने के निर्देश दिए। इसके बाद उपभोक्ता माने और एजेंसी कर्मियंों ने जाल और आसपास के क्षेत्रों में रसोई गैस सिलेंडर बांटे।
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वहीं अल्मोड़ा नगर और ग्रामीण इलाकों में गैस आपूर्ति की व्यवस्था पटरी पर लाने के लिए प्रशासन ने कई निर्णय लिए हैं। नगर क्षेत्र में गैस वितरण के वक्त हर स्पॉट पर डीएसओ और तहसीलदार मौजूद रहेंगे और हर उपभोक्ता को रसीद भी मिलेगी। गैस वितरण के लिए एडीएम की अनुमति के बगैर रूट चार्ट में परिवर्तन नहीं किया जा सकेगा। नगर और आसपास के इलाकों में सभी छोटी-बड़ी दुकानों और ढाबों आदि के लिए व्यवसायिक सिलेंडर के कनेक्शन लेने अनिवार्य कर दिए गए हैं।

जिलाधिकारी सविन बंसल ने अपने कार्यालय में पत्रकारों से वार्ता करते हुए यह जानकारी दी। जिलाधिकारी ने बताया कि पिछले काफी समय से अल्मोड़ा नगर और जिले के अन्य स्थानों में रसोई गैस की भारी किल्लत चल रही है। उन्होंने बताया कि पिछले कुछ समय से प्रशासन के अधिकारियों ने गैस वितरण व्यवस्था में कई खामियां पाई हैं। लोगों को बगैर कैश मेमो (रसीद) के ही गैस सिलेंडर दिए जा रहे हैं।

 साथ ही कई बार गैस ऐजेंसी के लोग अपनी मर्जी से रूट चार्ट का उल्लंघन कर देते हैं जिससे समस्या बढ़ती जा रही है। कई बार गैस समय पर नहीं मिलने पर भी लोग गैस के वाहन को रोक लेते हैं और तय स्पॉट के बजाय दूसरे स्थान पर सिलेंडर बांट दिए जाते हैं। इन समस्याओं से निपटने के लिए अब व्यापक रणनीति तय की गई है। अब हर सोमवार को गैस प्रबंधक एडीएम को रूट चार्ट दिखाएंगे और उसके बाद तय रूट चार्ट के मुताबिक डीएसओ और तहसीलदार की मौजूदगी में गैस वितरण किया जाएगा। एडीएम की अनुमति के बिना रूट चार्ट में परिवर्तन नहीं किया जाएगा।

 जिलाधिकारी ने कहा कि कुछ लोग गैस की काला बाजारी का भ्रम फैला रहे हैं लेकिन गैस की कालाबाजारी नहीं हो रही है। नगर और आसपास के इलाकों में सभी छोटी-बड़ी दुकानों और ढाबों आदि के लिए व्यवसायिक सिलेंडर के कनेक्शन लेने अनिवार्य कर दिए गए हैं। इसके लिए जिला पूर्ति अधिकारी को निर्देश दे दिए गए हैं और निश्चित अवधि के बाद दुकानों आदि में घरेलू कनेक्शन पाए जाने पर डीएसओ के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी। जिलाधिकारी ने बताया कि स्वच्छता अभियान में गति लाने के लिए नगर में सभी दुकानदारों से दुकान में डस्टबिन रखने को कहा गया है। अगर व्यवसायियों की दुकानों पर डस्ट बिन नहीं मिले तो जुर्माना वसूला जाएगा।
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