रानीखेत (अल्मोड़ा)। 1971 के युद्ध के 50 वर्ष पूर्ण होने पर निकाली गई स्वर्णिम विजय मशाल को दूसरे दिन यहां नरसिंह मैदान में स्थापित किया गया। इस दौरान यहां स्कूली बच्चों ने जहां रंगारंग कार्यक्रम किए, वहीं सेना के पाइप बैंड की स्वर लहरियों ने देश भक्ति के रंग बिखेरे। मुख्य अतिथि पूर्व ब्रिगेडियर एमके गंजू ने कहा कि भारतीय सेना के अदम्य साहस के आगे पाकिस्तानी सेना ने जिस तरह से घुटने टेके, वह भारतीय सेना के लिए गौरवपूर्ण क्षण थे। स्वर्णिम विजय मशाल ने 50 साल पुरानी यादें ताजा की हैं। बाद में विजय मशाल युद्ध के दौरान वीर चक्र प्राप्त दो जांबाजों के घर की मिट्टी लेने बागेश्वर रवाना हुई।
सैन्य अधिकारियों ने बताया कि इस युद्ध में बागेश्वर के परमाती कपकोट निवासी सूबेदार नंदन सिंह और सूपी गांव निवासी सिपाही खड़क सिंह को उनके अदम्य साहस के लिए वीर चक्र मिला था। दोनों के घरों की मिट्टी लेने के लिए स्वर्णिम विजय मशाल दोपहर दो बजे बागेश्वर रवाना हो गई। वीरों की भूमि की मिट्टी को दिल्ली ले जाया जाएगा। इससे पूर्व नरसिंह मैदान में केआरसी के कमांडेंट ब्रिगेडियर आईएस साम्याल ने विजय मशाल का स्वागत किया और उसे वहां स्थापित किया। मशाल को देखकर पूर्व सैनिकों का उत्साह देखते बन रहा था। स्कूली बच्चे तिरंगा लेकर मशाल के साथ फोटो खिंचाते देखे गए। कई पूर्व सैनिक भी मशाल के साथ फोटो खींचते रहे। मुख्य अतिथि पूर्व ब्रिगेडियर एमके गंजू ने कहा कि स्वर्णिम विजय मशाल ने 1971 के युद्ध की यादें ताजा कर दीं। सचमुच पूरे देश के लिए ऐतिहासिक पल था, जीत का यह मौका। इस युद्ध के बाद भारतीय सेना का मान देश में ही नहीं, विदेशों में भी बढ़ा। देश के युवाओं को इस विजय मशाल के माध्यम से अपने इतिहास से रूबरू होने का मौका मिला। यहां संयुक्त मजिस्ट्रेट अपूर्वा पांडेय, लेे. कर्नल मनीष कुमार, प्रभारी कोतवाल रमेश बोहरा सहित कई पूर्व सैन्य अधिकारी, जवान मौजूद थे।
पाइप बैंड की स्वर लहरियों बनाया देशभक्ति का माहौल
रानीखेत। स्वर्णिम विजय मशाल कार्यक्रम के दौरान स्कूली बच्चों द्वारा प्रस्तुत देश भक्ति गीतों ने समा बांध दिया। सेना के पाइप बैंड की स्वर लहरियों ने देशभक्ति का माहौल बना दिया। लोग भारत माता की जयघोष के नारे लगा रहे थे।
पेंटिंग प्रतियोगिता के अव्वल बच्चों को किया सम्मानित
रानीखेत। पेंटिंग प्रतियोगिता में अव्वल रहने वाले एपीएस के भार्गव जोशी, शहनाज अख्तर, केंद्रीय विद्यालय की प्रियंका माहरा और एपीएस की सुहानी संगम को मुख्य अतिथि पूर्व ब्रिगेडियर एमके गंजू, केआरसी कमांडेंट ब्रिगेडियर आईएस साम्याल ने सम्मानित किया। एपीएस के बच्चों ने स्वागत गीत, ग्रुप डांस में हिस्सा लिया। सैन्य कर्मियों ने एरोबिक्स, ताइक्वांडो और ब्रॉस बैंड का प्रदर्शन किया।
सेना ने हथियारों की प्रदर्शनी लगाई
रानीखेत। स्वर्णिम विजय मशाल कार्यक्रम के दूसरे दिन नरसिंह मैदान में तमाम कार्यक्रम हुए। इसी कड़ी में यहां सेना ने हथियारों की प्रदर्शनी लगाई गई। जिसमें अत्याधुनिक हथियार रखे गए थे। बच्चों को इन हथियारों के संचालन की जानकारी दी गई। यहां पहुंचे अतिथियों ने अत्याधुनिक हथियारों का निरीक्षण किया।