उदेयपुर ग्वेल देवता का मंदिर। संवाद न्यूज एजेंसी
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द्वाराहाट (अल्मोड़ा)। कैड़ारौ घाटी के ऐतिहासिक उदयपुर गोलू देवता मंदिर सुधार समिति की बैठक शुक्रवार को हुई। इसमें 17 अक्तूबर से आश्विन नवरात्र मनाने का निर्णय लिया गया। इसकी तैयारी की गई। कोरोना संक्रमण के चलते बाहरी व्यवसायियों पर रोक सहित सुरक्षित दूरी के नियमों का पालन करने को कहा गया। बैठक में आयोजित आश्विन नवरात्र में मंदिर में आयोजित कार्यक्रमों की सदस्यों को जिम्मेदारियां सौंपी गईं।
हाथीखुर में मोतीराम जोशी के आवास पर हुई बैठक में नवरात्र महोत्सव पर चर्चा हुई। इसमें तय हुआ कि 17 अक्तूबर को गणेश पूजा, पंचांग पूजा, कलश स्थापना, हरेला बुआई, 22 को पंचमी, 24 को अष्टमी, नवमी, 25 अक्तूबर को दशमी पर हरेला मंदिर में चढ़ाने के साथ मेले का समापन होगा। कोरोना संक्रमण के नियमों का पालन कराने की जिम्मेदारी बिंता, भतौंरा, अल्मियागांव के प्रधानों को सौंपी गई। महोत्सव से पहले पूर्व मंदिर परिसर के रंगरोगन, सफाई, भंडारगृह व्यवस्था आदि पर भी चर्चा की गई। मंदिर समिति के अध्यक्ष भूपाल सिंह कैड़ा ने बैठक की अध्यक्षता की। बैठक में दुर्गा दत्त जोशी, मदन सिंह, वीर सिंह, मोहन सिंह अधिकारी, ललित मोहन सिंह कैड़ा, रमेश चंद्र, नवीन चंद्र, नारायण सिंह अल्मियां, केवलानंद जोशी, बसंत कैड़ा, महेश कार्की, शिव सिंह, खीम सिंह, हरि सिंह, गणेश बाजनी, मोहन कैड़ा आदि रहे।