कैंची क्षेत्र में वीकेंड पर लग रहे भीषण जाम ने यातायात व्यवस्था को पूरी तरह चरमरा दिया है। पर्यटकों की भारी भीड़ के कारण कैंची समेत आसपास के क्षेत्रों में घंटों जाम लग रहा है। इससे यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। आलम यह है कि हल्द्वानी से अल्मोड़ा का 3-4 घंटे का सफर पूरा करने में लोगों को 12 घंटे या इससे भी अधिक लग रहे हैं। जाम का असर स्थानीय दुकानदारों और ट्रांसपोर्ट कारोबारियों पर भी पड़ रहा है। ट्रकों को सामान पहुंचाने में 20 से 22 घंटे तक लग रहे हैं।
इससे कई सामान खराब होने की स्थिति बन रही है। बीते शुक्रवार को लगे भीषण जाम में लोग घंटों तक वाहनों में फंसे रहे। परिवहन निगम की बसें भी कई घंटे देरी से अल्मोड़ा और रानीखेत पहुंचीं। सुबह तीन से चार बजे तक पहुंचने वाली बस दोपहर दो से तीन बजे तक पहुंच पाईं। श्राद्ध पक्ष होने के चलते कई यात्री 12 घंटे तक भूखे प्यासे गाड़ी में बैठे रहे। इससे उनकी परेशानी और बढ़ गई।
जाम में फंसे, छूट गईं ट्रेनें
कैंची क्षेत्र के जाम के कारण कई यात्रियों की ट्रेनें भी छूट गईं। पिथौरागढ़, बागेश्वर और अल्मोड़ा से शहरों की ओर जाने वाले लोगों ने पहले से ट्रेनों की बुकिंग कर रखी थी लेकिन जाम में फंसने के कारण वे समय पर रेलवे स्टेशन नहीं पहुंच सके। लोगों में शासन प्रशासन के खिलाफ भयंकर आक्रोश है। उनका कहना है कि कैंची में भीड़ को नियंत्रित करने के साथ यातायात व्यवस्था को बेहतर करने के लिए ठोस कदम उठाए जाने चाहिए।
क्या बोले लोग
दोपहर 12 बजे हल्द्वानी से चले थे। रास्ते में भीषण जाम के कारण कई घंटे फंसे रहे। बड़ी मुश्किल से रात एक बजे के करीब अल्मोड़ा अपने घर पहुंचे। सरकार को यहां की यातायात व्यवस्था को सुधारना चाहिए। -ललिता पांडे (80)
कैंची क्षेत्र में जाम की समस्या के कारण मालवाहक गाड़ियों को हल्द्वानी से अल्मोड़ा पहुंचने में 20 से 22 घंटे लग रहे हैं। इतने समय में कई सामान खराब हो जा रहा है। -राजेंद्र शर्मा, दुकानदार
कैंची इलाके में जाम के कारण ट्रांसपोर्ट व्यवसायी परेशान हो गए हैं। गाड़ियां गई घंटों तक जाम में फंस रही हैं जिससे पैकेट बंद कई खाने की वस्तुएं पहुंचने से पहले ही खराब हो जा रही हैं जिन्हें फेंकना पड़ता है और नुकसान हो रहा है। -हरीश चंद्र जोशी, ट्रांसपोर्ट यूनियन उपाध्यक्ष