ग्राम पंचायत झलां में पेयजल योजना का निर्माण एक साल पहले पूरा हो जाने के बावजूद ग्रामीणों को पानी नहीं मिला। इससे गुस्साए ग्रामीण क्रमिक अनशन पर डटे हैं। ग्रामीणों ने मांग पूरी होने तक आंदोलन जारी रखने की धमकी दी है।
ग्राम पंचायत झलां में करोड़ों की लागत से बनी पेयजल योजना का निर्माण कार्य एक साल पूर्व पूरा होने के बावजूद गांव में पेयजल का वितरण शुरू नही हो पाया है। इसी से आक्रोशित ग्रामीणों का तीन सूत्रीय मांगों को लेकर गांव के पंचायत घर में चलाया जा रहा क्रमिक अनशन जारी है। दूसरे दिन पूरन सिंह मेहरा तथा केशर राम क्रमिक अनशन पर बैठे। आंदोलन के समर्थन में दानसिंह मनराल, गिरीश तिवारी, हरीराम, देवेंद्र मेहरा, श्यम सिंह, बसंत लाल, ईश्वर राम, नारायण उपाध्याय, प्रताप सिंह तथा बिशनदत्त ने धरना दिया।
इस मौके पर हुई सभा में ग्रामीणों ने विभाग पर वादा खिलाफ का ओराप लगाने के साथ ही शासन प्रशासन पर आंदोलन की उपेक्षा का ओराप लगाया। लोगों ने पेयजल का वितरण शीघ्र शुरू करने, खुले में छोड़े पाइप लाइनों को भूमिगत करने तथा स्टेंड पोस्टों का वितरण मानकों के अनुसार करने की मांग करते हुए मांगें पूरी होने तक आंदोलन जारी रखने की बात कही।
शासन, प्रशासन, संबंधित विभाग या जनप्रतिनिधि इस मामले में गंभीर होते तो झलां में आंदोलन की नौबत नही आती।
दरअसल झलां सहित निकटवर्ती चार गावों के लिए बनी पेयजल योजना का निर्माण कार्य सालभर पहले ही पूरा हो चुका है, परंतु पेयजल वितरण नही हो पा किया जा रहा है। विभाग ने बिछाए गए पाइप खुले में छोडे़ गए हैं।
आंदोलनकारियों की मांग है कि उन्हें भूमिगत किया जाए। इसी तरह आंदोलनकारी स्टेंड पोस्टों को मानकों के अनुसार लगाने के साथ ही नलों पर टौंटी लगाने की मांग कर रहे हैं। हालांकि विभाग ने बुधवार को कुछ नलों पर टौंटी लगा दी है। परंतु अन्य मांगों पर कार्रवई नही हो पाई है। जिससे लोग अनशन स्थल पर जमे हैं।