रानीखेत (अल्मोड़ा)। लगभग साढ़े तीन महीने बाद हुई बूंदाबांदी के चलते क्षेत्र में कड़ाके की ठंड शुरू हो गई है। किसान अच्छी बारिश की उम्मीद में थे, लेकिन शनिवार को हुई हल्की बारिश उन्हें थोड़ा राहत दे गई। शनिवार को सुबह से ही बूंदाबांदी होती रही। हालांकि आगे अच्छी बारिश होने की उम्मीद किसानों को हैं। क्षेत्र में कड़ाके की ठंड शुरू हो गई है। दिनभर बाजार में लोग अलाव सेंकते रहे।
बता दें कि बारिश नहीं होने के के कारण क्षेत्र में सूखे के हालात पैदा हो गए हैं। शनिवार को सुबह से ही मौसम खराब था। सुबह आठ बजे से बूंदाबांदी शुरू हो गई थी। रुक-रुककर हो रही बूंदाबांदी से कड़ाके की ठंड शुरू हो गई। बाजार में सन्नाटा पसरा रहा। कई स्थानों पर लोग अलाव जलाकर ठंड से निजात पाने की कोशिश कर रहे थे।
अपराह्न बाद बूंदाबांदी भी बंद हो गई। किसानों का कहना है कि पर्याप्त बारिश नहीं हो पाई। दुधोली के काश्तकार आनंद सिंह बिष्ट ने बताया कि अच्छी बारिश होने की संभावना जताई जा रही थी, लेकिन पर्याप्त बारिश नहीं हो पाई। आगे उम्मीद है कि अच्छी बारिश होगी और फसलों को नवजीवन मिलेगा। गगास घाटी के काश्तकार राजेंद्र बिष्ट ने बताया कि यह बारिश किसानों को राहत देने वाली है। मौसम विशेषज्ञों ने बारिश की संभावना जताई है। गेहूं की फसल सूख गई थी, जितनी भी बारिश हुई उससे जरूर राहत मिली है।