शिव नौला में पानी भरने को खड़ी महिलाएं।
- फोटो : अमर उजाला
गर्मी बढ़ने के साथ ही तहसील के ग्रामीण इलाकों में पेयजल संकट गहराते जा रहा है। जल स्तर गिरने से पेयजल योजनाओं से पर्याप्त पानी की आपूर्ति नहीं हो रही है। सड़क क्षेत्र से लगे गांवों के लोग हैंडपंपों से पानी जुटा रहे हैं तो दूरस्थ क्षेत्रों में स्थित गांवों के लोग नौलों धारों पर आश्रित हैं।
प्राकृतिक जल स्रोतों में भी पानी भरने के लिए काफी लोग पहुंच रहे हैं। यदि जल्द बारिश नहीं हुई तो मई, जून में स्थित और अधिक गंभीर होने की आशंका है। लोगों का आरोप है कि जल समस्या को लेकर सरकारों, अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों के रुचि नहीं लेने से हर साल गरमी में जल संकट गहराता है। पर लोगों की सुध नहीं ली जाती है। शासन, प्रशासन संवेदनहीन हो गए हैं। जनता को भगवान भरोसे छोड़ दिया गया है।